इन 6 जिलों में होगा रेल लाइन का विस्तार
प्रस्तावित डबलिंग परियोजना के तहत पश्चिमी चंपारण, पूर्वी चंपारण (रक्सौल), सीतामढ़ी, दरभंगा, सुपौल (सरायगढ़) और अररिया को फायदा मिलेगा। इन रूटों पर अतिरिक्त रेल लाइन बनने से ट्रेनों के संचालन की क्षमता बढ़ेगी और व्यस्त रेल मार्गों पर दबाव कम करने में मदद मिलेगी।
दिल्ली से गुवाहाटी तक कनेक्टिविटी मजबूत
रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने दिल्ली-गुवाहाटी मल्टी-ट्रैकिंग परियोजना की जानकारी देते हुए बताया कि इस पूरे कॉरिडोर पर कई हिस्सों में अतिरिक्त ट्रैक विकसित किए जा रहे हैं। इसका उद्देश्य दिल्ली से पूर्वोत्तर राज्यों तक रेल संपर्क को मजबूत करना है। बिहार के इन जिलों के लिए भी यह परियोजना काफी महत्वपूर्ण मानी जा रही है। रेल लाइन बढ़ने से यात्रियों के साथ-साथ माल परिवहन को भी फायदा मिल सकता है।
व्यापार और रोजगार को मिल सकता है बढ़ावा
रेल कनेक्टिविटी बेहतर होने का सीधा असर स्थानीय कारोबार पर भी पड़ सकता है। बेहतर रेल सुविधा से सामान की आवाजाही आसान होगी और अलग-अलग जिलों के बीच संपर्क बढ़ेगा। इससे व्यापारिक गतिविधियों और रोजगार के अवसरों को बढ़ावा मिलने की उम्मीद है।
















