HappyNews@ Media Team

This channel publishes all kinds of news related to the world.you will always be grateful if you always keep such a relationship with me.

HappyNews @ Science and Technology

Click here for every news from science and stay with HappyNews.

Happy News @ प्रेरक विचार

Click here for a relayed news with a motivational idea and stay with HappyNews.

HappyNews @ Politics

Click here for news related to politics and stay with HappyNews.

HappyNews @ Lifestyle and Relationship

Click here for the motive thought with image and stay with HappyNews.

Showing posts with label Vat Savitri Vrat. Show all posts
Showing posts with label Vat Savitri Vrat. Show all posts

इन मंत्रो के जप से दूर हो जाएंगे सभी दुख और संकट, घर में आएगी बरकत

न्यूज डेस्क: शास्त्रों के अनुसार कई मंत्रों का जाप इंसान के जीवन के लिए लाभदायक माना जाता हैं। मंत्रों के जाप से घर में बरकत आती हैं और इंसान का जीवन खुशहाली में बीतता हैं। आज इसी विषय में जानने की कोशिश करेंगे एक ऐसे मंत्र के जाप के बारे में जिस मंत्र के जाप से आपके सभी दुख और संकट दूर हो जाएंगे। तो आइये इसके बारे में जानते हैं विस्तार से। 
1 .ॐ भूर्भुवः स्वः तत्सवितुर्वरेण्यं भर्गो देवस्यः धीमहि धियो यो नः प्रचोदयात्

आप भी अगर धोखे से बचना चाहते हैं और जीवन से दुख संकट को दूर करना चाहते तो नित्य नियम से गायत्री मंत्र का जप करें। गायत्री मंत्र के भी कई फायदे धार्मिक शास्त्रों में बताएं गए हैं। इसलिए इसका जाप करनी चाहिए। 

2 .ॐ हं हनुमंते नमः

हनुमान जी इस कलयुग में अजर अमर हैं और अपने भक्तों से बहुत जल्दी प्रसन्न होने वाले देव हैं। आप भी अगर जीवन में किसी भी तरह से परेशान हैं तो आप इस मंत्र का जाप करें। इससे आपके सभी दुख और संकट खत्म हो जाएंगे। साथ ही साथ इससे आपके घर में बरकत आएगी। 

वट सावित्री व्रत के दिन जरूर करें ये तीन काम, पूरी होगी सभी मनोकामनाएं

न्यूज डेस्क: ज्योतिष शास्त्र की बात करें तो वट सावित्री व्रत महिलाओं के लिए सबसे खास व्रत माना जाता हैं। जो महिलाएं ये व्रत रखती हैं। उनके पति के जीवन में किसी भी प्रकार की कोई परेशानी नहीं आती हैं। साथ ही साथ पति की उम्र भी लंबी होती हैं। आज इसी विषय में जानने की कोशिश करेंगे कुछ ऐसे काम के बारे में जो काम महिलाएं इस दिन जरूर करें। इससे उनकी सभी मनोकामनाएं पूरी होगी। 
1 .वट सावित्री व्रत के दिन महिलाएं पूजा समाप्ति पर ब्राह्मणों को वस्त्र तथा फल आदि वस्तुएं बांस के पात्र में रखकर दान करें। इससे उनकी मनोकामनाएं पूर्ण होगी। साथ ही साथ वैवाहिक जीवन में खुशियां बनी रहेगी। 

2 .शास्त्रों के अनुसार वट सावित्री व्रत के दिन महिलाएं भीगे हुए चनों का बायना निकालकर, नकद रुपए रखकर अपनी सास के पैर छूकर उनका आशीष प्राप्त करें। इससे जीवन में खुशियाली आएगी और मनोकामनाएं भी पूरी होगी। 

3 .इस व्रत में सावित्री-सत्यवान की पुण्य कथा का श्रवण करना न भूलें। यह कथा पूजा करते समय दूसरों को भी सुनाएं। इससे जीवन में सुख, शांति और समृद्धि आएगी। साथ ही साथ वैवाहिक जीवन में कभी कोई तनाव उत्पन नहीं होगा। 

वट सावित्री व्रत के दिन ग्रहों का शुभ संयोग, इन राशियों के दूर होंगे दुख-दर्द

न्यूज डेस्क: शास्त्रों की बात करें तो वट सावित्री व्रत के दिन ग्रहों का शुभ संयोग बन रहा हैं। जिससे कुछ राशियों के लोगों के दुख-दर्द दूर हो सकते हैं तथा उनके जीवन में उजाला आ सकता हैं। आज इसी विषय में जानने की कोशिश करेंगे उस राशि के लोगों के बारे में जिन राशि के लोगों के दुख-दर्द दूर हो सकते हैं। तो आइये इसके बारे में जानते हैं विस्तार से। 
कर्क और तुला राशि, शास्त्रों के अनुसार वट सावित्री व्रत के दिन बन रहा ग्रहों का शुभ संयोग कर्क और तुला राशि के लोगों के लिए लाभकारी रहने वाला हैं। इससे इनके जीवन की परेशानियां दूर हो सकती हैं तथा इनके दुख-दर्द समाप्त हो सकते हैं। इस राशि के लोगों का वैवाहिक जीवन सफल हो सकता हैं। जीवनसाथी का साथ मिल सकता हैं। 

कुंभ और वृष राशि, ज्योतिष शास्त्र के अनुसार वट सावित्री व्रत के दिन बन रहा ग्रहों का शुभ संयोग कुंभ और वृष राशि के लोगों के लिए शुभ रहने वाला हैं। इससे इनके जीवन में खुशहाली आ सकती हैं। जीवनसाथी का साथ इन्हे सफल और कामयाब बना सकता हैं। इनकी सभी मनोकामनाएं पूरी हो सकती हैं। दुख-दर्द दूर हो सकते हैं। 

कन्या और मकर राशि, ग्रहों के शुभ संयोग से कन्या और मकर राशि के लोगों का भाग्य पलट सकता हैं। इनके जीवन पर भगवान विष्णु की कृपा हो सकती हैं। जीवन के दुख-दर्द समाप्त हो सकते हैं। इनकी किस्मत नया रंग ले सकती हैं। ये लोग आर्थिक रूप से मजबूत हो सकते हैं। प्यार और पैसों में इन्हे सफलता मिल सकती हैं। 

क्यों मनाया जाता है वट सावित्री व्रत, जानिए पूरी कथा ?

न्यूज डेस्क: शास्त्रों के अनुसार वट सावित्री व्रत महिलाओं को जरूर रखनी चाहिए। क्यों की इसका फल उसके पति को प्राप्त होता हैं और इससे पति की उम्र भी लंबी होती हैं। आज इसी विषय में जानने की कोशिश करेंगे की वट सावित्री व्रत क्यों मनाया जाता हैं। 
शास्त्रों के अनुसार सावित्री अश्वपति की कन्या थी, उसने सत्यवान को पति रूप में स्वीकार किया था। सत्यवान लकड़ियां काटने के लिए जंगल में जाया करता था। सावित्री अपने अंधे सास-ससुर की सेवा करके सत्यवान के पीछे जंगल में चली जाती थी।

एक दिन सत्यवान को लकड़ियां काटते समय चक्कर आ गया और वह पेड़ से उतरकर नीचे बैठ गया। उसी समय भैंसे पर सवार होकर यमराज सत्यवान के प्राण लेने आए। सावित्री ने उन्हें पहचाना और सावित्री ने कहा कि आप मेरे सत्यवान के प्राण न लें।

यमराज ने मना किया, मगर वह वापस नहीं लौटी। सावित्री के पतिव्रत धर्म से प्रसन्न होकर यमराज ने वर रूप में अंधे सास-ससुर की सेवा में आंखें दीं और सावित्री को सौ पुत्र होने का आशीर्वाद दिया और सत्यवान को छोड़ दिया।

वट पूजा से जुड़ी है धार्मिक मान्यता के अनुसार ही तभी से महिलाएं इस दिन को वट अमावस्या के रूप में पूजती हैं। सुहागिन महिलाओं के लिए यह व्रत सबसे लाभकारी माना जाता हैं। सभी महिलाओं को ये व्रत रखनी चाहिए। 

वट सावित्री व्रत, जानें क्या है पूजा का शुभ मुहूर्त और विधि

न्यूज डेस्क: शास्त्रों के अनुसार 22 मई को वट सावित्री व्रत पड़ रहा है। इस दिन महिलाएं अपने पति की लंबी आयु के लिए व्रत रखती हैं। लेकिन बहुत सी महिलाओं को पूजा का शुभ मुहूर्त और विधि के बारे में पूरी जानकारी नहीं होती हैं। आज इसी विषय में जानने की कोशिश करेंगे वट सावित्री व्रत के पूजा का शुभ मुहूर्त और विधि के बारे में। तो आइये इसके बारे में जानते हैं विस्तार से। 
पूजा का शुभ मुहूर्त :
अमावस्या तिथि प्रारम्भ : मई 21, 2020 को रात 09:35 बजे

अमावस्या तिथि समाप्त : मई 22, 2020 को रात 11:08 बजे 

महिलाओं को इस मुहर्त में ही वट सावित्री व्रत रखना बेहतर होगा। 

पूजा की विधि। 
शास्त्रों के अनुसार वट सावित्री के पूजन में चना पूजन का नियम है। वट वृक्ष को दूध और जल से सींचना चाहिए। इस दिन चने बिना चबाए सीधे निगले जाते हैं। 5 प्रकार के फल, पान का पत्ता, धुप, घी का दीया, एक लोटे में जल और एक हाथ का पंखा लेकर बरगद पेड़ के नीचे बैठें। इसके बाद सबसे पहले बरगद के पेड़ की जड़ में जल चढ़ाना चाहिए और फिर धूप,दीपक जलाएं।

22 मई को वट सावित्री व्रत, जानिए घर में रहकर कैसे करें पूजा?

न्यूज डेस्क: शास्त्रों के अनुसार हिंदू धर्म में वट सावित्री व्रत का बड़ा महत्त्व हैं। महिलाएं अपने पति की लंबी आयु के लिए ये व्रत रखती हैं। आज इसी विषय में शास्त्रों के अनुसार जानने की कोशिश करेंगे कुछ ऐसी बातों के बारे में जिन बातों का ध्यान रखकर महिलाएं वट सावित्री व्रत का पूजा कर सकती हैं। तो आइये इसके बारे में जानते हैं विस्तार से। 
कैसे करें पूजा। 
1 .लॉक डाउन में आप पूजा स्थल पर पहले रंगोली बना लें, उसके बाद अपनी पूजा की सामग्री वहां रखें। 

2 .इसके बाद आप अपने पूजा स्थल पर एक चौकी पर लाल रंग का कपड़ा बिछाकर उस पर लक्ष्मी नारायण और शिव-पार्वती की प्रतिमा या मूर्ति स्थापित करें। 

3 .शास्त्रों के अनुसार पूजा की शुरूआत गणेश और माता गौरी से करें। 

4 .इस व्रत में सावित्री-सत्यवान की पुण्य कथा का श्रवण करना न भूलें। 

शास्त्रों के अनुसार इस बात वट सावित्री व्रत अमावस्या तिथि 21 मई को रात 09:35 बजे से शुरू हो जाएगी जो 22 मई को रात 11:08 बजे तक रहेगी। इसलिए इस बार वट सावित्री व्रत 22 मई को ही पड़ रहा है। महिलाएं इस दिन व्रत रख सकती हैं।