डेस्क: मेडिकल साइंस की बात करें तो हर महिला के शरीर में एक साइकिल चक्र होता हैं जो उनके वेवहार के साथ साथ उनकी फीलिंग्स को भी कंट्रोल करता हैं। आज इसी विषय में मेडिकल साइंस के द्वारा जानने की कोशिश करेंगे उस समय के बारे में जिस समय महिलाओं में सेक्स करने की तीव्र इच्छा होती हैं तथा महिलाओं को पार्टनर की ज़रूरत सबसे ज्यादा होती हैं। तो आइये इसके बारे में जानते हैं विस्तार से।
गाइनोकॉलेजिस्ट डॉ़. अरुंधति घोष के अनुसार ओव्यलैशन जैविक रुप से सेक्स का सर्वोत्तम समय होता हैं। क्योंकि इस समय महिलाओं के हार्मोन्स काफी सक्रिय होते हैं। एस्ट्रोजन का स्तर अक्सर उच्च होता है और कभी-कभार ही कम होता है। साथ ही इस समय प्रोजेस्ट्रॉन का स्तर भी काफी ऊंचा होता है जिससे महिलाओं को सेक्स करने की इच्छा अधिक होती है।
डॉक्टर के अनुसार हर महिला को पीरियड्स खत्म होने के 14 से 18 दिन बाद उनके शरीर में ओव्यलैशन चक्र प्रारम्भ होता हैं। यह समय उनके शरीर के लिए सबसे बेस्ट समय माना जाता हैं। इस समय महिलाएं खुद को सबसे फ़िट और ऊर्जावान महसूस करती हैं। साथ ही साथ महिलाओं में सेक्स की इच्छा भी सबसे ज्यादा होती हैं।
डॉ़. अरुंधति घोष बताती हैं की प्रेगनेंसी के दूसरे ट्राइमेस्टर में महिलाओं के शरीर में एस्ट्रोजन और प्रोजेस्ट्रोन के स्तर में काफी अधिक बढ़ोतरी होती है और इसी वजह से इस समय महिलाओं में सेक्स की इच्छा अधिक होती है। हालांकि बहुत सी महिलाएं इस बात को समझ नहीं पाती क्योंकि उन्हें इस दौरान बदन दर्द, मतली और थकान जैसी समस्याएं भी महसूस होती रहती हैं।
अगर कोई महिला प्रेगनेंट होने के लिए सेक्स करना चाहती हैं तो उनके लिए ओव्यलैशन का समय सबसे बेहतर होता हैं। इस समय शरीर में अंडे की गुणवत्ता भी अच्छी होती हैं। जिससे महिलाएं जल्दी गर्भवती हो जाती हैं और उन्हें माँ बनने में भी कोई परेशानी नहीं होती हैं।

0 comments:
Post a Comment