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होली पर मंगल की मेहरबानी! इन 5 राशियों के खुलेंगे किस्मत के द्वार

राशिफल। रंगों के पर्व होली 2026 पर इस बार ज्योतिषीय दृष्टि से एक खास संयोग बन रहा है। ग्रह-नक्षत्रों की स्थिति के अनुसार इस दिन ‘शुभ मंगल योग’ का निर्माण होगा। मंगल ग्रह को साहस, ऊर्जा, आत्मविश्वास और नेतृत्व क्षमता का प्रतीक माना जाता है। जब मंगल मजबूत स्थिति में होता है तो व्यक्ति के निर्णय लेने की क्षमता बढ़ती है और रुके हुए कार्यों में गति आती है।

1. मेष राशि

मेष राशि के स्वामी स्वयं मंगल हैं, इसलिए इस राशि के जातकों पर इसका सीधा सकारात्मक असर पड़ेगा। नौकरीपेशा लोगों को नई जिम्मेदारियां मिल सकती हैं, जो आगे चलकर पदोन्नति का मार्ग खोलेंगी। व्यापार से जुड़े लोगों को नए संपर्क और समझौते लाभ दे सकते हैं। आत्मविश्वास में वृद्धि होगी और अधूरे काम पूरे होने के संकेत हैं।

2. सिंह राशि

सिंह राशि के जातकों के लिए यह समय प्रतिष्ठा और सम्मान बढ़ाने वाला रहेगा। कार्यक्षेत्र में नेतृत्व का अवसर मिल सकता है। लंबे समय से अटके प्रोजेक्ट पूरे होने की संभावना है। आर्थिक स्थिति में सुधार होगा और परिवार में सुखद वातावरण बना रहेगा।

3. धनु राशि

धनु राशि वालों के लिए यह योग नई योजनाओं की शुरुआत के लिए अनुकूल है। प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे विद्यार्थियों को सफलता के संकेत मिल रहे हैं। विदेश या लंबी यात्रा से जुड़े कार्यों में सकारात्मक परिणाम मिल सकते हैं। निवेश से लाभ की संभावना भी बन रही है।

4. मकर राशि

मकर राशि के जातकों को करियर में स्थिरता और प्रगति के अवसर मिल सकते हैं। वरिष्ठ अधिकारियों का सहयोग मिलेगा। संपत्ति या जमीन से जुड़े मामलों में लाभ होने के संकेत हैं। आर्थिक योजनाएं सफल होंगी और आय के नए स्रोत खुल सकते हैं।

5. वृश्चिक राशि

वृश्चिक राशि भी मंगल की ही राशि मानी जाती है। इस दौरान आत्मबल और निर्णय क्षमता मजबूत रहेगी। व्यवसाय में विस्तार के योग बनेंगे। पारिवारिक विवाद सुलझ सकते हैं और रिश्तों में मधुरता आएगी। स्वास्थ्य में सुधार के संकेत भी मिल रहे हैं।

बैंक ऑफ बड़ौदा में बंपर भर्ती: आवेदन की आखिरी तारीख 8 मार्च

नई दिल्ली। बैंकिंग सेक्टर में करियर बनाने के इच्छुक उम्मीदवारों के लिए एक बड़ी खबर है। बैंक ऑफ बड़ौदा ने 2026 के लिए बंपर भर्ती का ऐलान किया है। इस भर्ती के माध्यम से कुल 419 पद भरे जाएंगे, जिनमें असिस्टेंट मैनेजर, मैनेजर और अन्य स्पेशलाइज्ड पद शामिल हैं।

कौन कर सकता है आवेदन?

इस भर्ती में किसी भी मान्यता प्राप्त विश्वविद्यालय से स्नातक पास उम्मीदवार आवेदन कर सकते हैं। इसके अलावा MBA/PGDM, CA, CFA और CMA जैसी योग्यताओं वाले उम्मीदवार भी पात्र हैं। कुछ पदों पर अनुभव होना अनिवार्य है। आयु सीमा पदों के अनुसार 32 से 40 वर्ष तय की गई है, जबकि आरक्षित वर्ग के उम्मीदवारों को नियमानुसार छूट दी जाएगी।

पदों और वेतन की जानकारी

कुल 419 पदों में रेगुलर पद 166 और कॉन्ट्रैक्चुअल पद 253 हैं। रेगुलर पदों पर वेतन बैंक स्केल के अनुसार मिलेगा, जबकि कॉन्ट्रैक्चुअल पदों के लिए मार्केट-आधारित वेतन निर्धारित किया गया है। भर्ती के तहत Relationship Manager, Credit Analyst, Sales और अन्य पदों पर नियुक्ति की जाएगी।

आवेदन प्रक्रिया

उम्मीदवारों को आवेदन केवल ऑनलाइन माध्यम से ही करना होगा। आवेदन प्रक्रिया 6 फरवरी 2026 से शुरू हो चुकी है और 8 मार्च 2026 तक चलेगी। आवेदन करने के लिए बैंक ऑफ बड़ौदा की आधिकारिक वेबसाइट bankofbaroda.in पर लॉग-इन करना होगा। आवेदन भरते समय उम्मीदवारों को सभी व्यक्तिगत और शैक्षणिक विवरण सही-सही दर्ज करने होंगे। फॉर्म सबमिट करने के बाद शुल्क का भुगतान और कन्फ़र्मेशन प्राप्त करना आवश्यक है।

भर्ती की विशेषताएं

इस भर्ती के तहत चयन प्रक्रिया पदों और योग्यता के आधार पर विभिन्न चरणों में की जाएगी। अनुभवी और योग्य उम्मीदवारों को प्राथमिकता दी जाएगी। इस भर्ती से बैंकिंग सेक्टर में करियर बनाने का अवसर मिलेगा।

EPF खाताधारकों के लिए बड़ी राहत: सरकार ने दी खुशखबरी

नई दिल्ली। कर्मचारी भविष्य निधि संगठन (EPFO) ने वित्त वर्ष 2025-26 के लिए EPF पर ब्याज दर 8.25 प्रतिशत बनाए रखने का निर्णय लिया है। इस निर्णय के अनुसार, 1 अप्रैल 2025 से 31 मार्च 2026 तक जमा होने वाले सभी योगदान पर यही दर लागू होगी। पिछले साल भी इसी दर से ब्याज दिया गया था। इस निर्णय से लाखों कर्मचारियों को सुरक्षित और अनुमानित रिटर्न मिलने का भरोसा बढ़ा है।

EPF की दर का पिछले कुछ वर्षों का रुझान

पिछले दस सालों में EPF की ब्याज दर में मामूली गिरावट देखी गई है। वर्ष 2015-16 में यह 8.8 प्रतिशत थी, जो धीरे-धीरे 8.25 प्रतिशत पर स्थिर हो गई। मार्च 2022 में यह दर 8.10 प्रतिशत तक गिर गई थी, जो पिछले कई दशकों में सबसे कम थी। 

हालांकि, इसके बावजूद EPF अब भी सबसे भरोसेमंद और जोखिम-मुक्त निवेश विकल्पों में गिना जाता है। वित्त वर्ष 2023-24 में ब्याज दर को 8.15 प्रतिशत से बढ़ाकर 8.25 प्रतिशत किया गया, और अब 2025-26 के लिए इसे यथावत रखा गया है। यह स्थिरता कर्मचारियों को आर्थिक अनिश्चितताओं के बीच भी भरोसा देती है।

वित्त मंत्रालय की अंतिम मंजूरी बाकी

CBT (केंद्रीय न्यासी बोर्ड) के निर्णय के बाद इसे वित्त मंत्रालय की स्वीकृति मिलना बाकी है। जैसे ही सरकार की अनुमति प्राप्त होगी, यह ब्याज दर सात करोड़ से अधिक EPF खाताधारकों के अकाउंट में लागू हो जाएगी। 

जानकारों का मानना है कि मौजूदा आर्थिक हालात में 8.25 प्रतिशत की दर कर्मचारियों के लिए संतुलित और सुरक्षित रिटर्न प्रदान करती है। इस कदम से खाताधारक निवेश की योजना आसानी से बना सकते हैं और भविष्य के लिए वित्तीय स्थिरता सुनिश्चित कर सकते हैं।

4 ग्रह एक साथ होंगे वक्री: 5 राशियों को मिलेगा खास लाभ

राशिफल। होली 2026 पर  एक दुर्लभ घटना देखने को मिलने वाली है। इस बार राहु, केतु, बुध और गुरु एक साथ वक्री चाल में होंगे। ज्योतिषीय विशेषज्ञों के अनुसार इस संयोग का सीधा सकारात्मक प्रभाव पांच विशेष राशियों पर पड़ेगा।

प्रभावित राशियां और लाभ

वृषभ राशि: नौकरी और पेशेवर क्षेत्र में तरक्की के मौके बढ़ेंगे। पुराने रुके हुए प्रोजेक्ट्स और नई जिम्मेदारियों में सफलता मिलने की संभावना है।

मिथुन राशि: इस राशि के जातक को व्यापार और साझेदारी में लाभ के संकेत हैं। निवेश से फायदा होने के साथ ही वित्तीय स्थिति मजबूत होगी।

सिंह राशि: इस राशि वालों को नई योजनाओं और करियर में बदलाव के लिए अनुकूल समय है। उच्च अधिकारी या वरिष्ठों से सहयोग मिलेगा।

तुला राशि: इस राशि के जातक के लिए शिक्षा और कौशल विकास में प्रगति होगी। प्रतियोगी परीक्षाओं और प्रोफेशनल ट्रेनिंग में सफलता मिलेगी।

मकर राशि: संपत्ति और निवेश के मामले में लाभ के संकेत हैं। नौकरी, व्यापार और निजी जीवन में संतुलन बना रहेगा।

वक्री ग्रह का महत्व

ज्योतिष में वक्री ग्रह अक्सर रूके हुए मामलों और पिछली परिस्थितियों पर पुनर्विचार का समय बताते हैं। जब एक ही समय पर चार बड़े ग्रह वक्री होते हैं, तो यह संयोग पुराने मामलों को सुलझाने और नए अवसर बनाने का अद्भुत अवसर देता है। इस दौरान निर्णय सोच-समझकर लें, क्योंकि ग्रहों की ऊर्जा सही दिशा में काम करने पर लाभ देती है।

बिहार में जमीन खरीदने वालों को बड़ी राहत, अब रजिस्ट्री होगी पूरी तरह सुरक्षित

पटना। बिहार में जमीन खरीदने-बेचने का तरीका अब पहले से ज्यादा पारदर्शी और सुरक्षित होने वाला है। सरकार ने वित्त वर्ष 2026-27 से लागू होने वाले नए नियमों के तहत तय किया है कि कोई भी जमीन रजिस्ट्री बिना पूरी जांच के नहीं होगी। इसका मतलब साफ है पहले जमीन की पूरी स्थिति का पता लगेगा और तभी सौदा कागज पर पक्का होगा।

नया रजिस्ट्री प्रोसेस

इस नई व्यवस्था के तहत खरीदार को सबसे पहले ई-निबंधन पोर्टल पर अपना अकाउंट बनाना होगा। लॉग-इन के बाद जमीन से जुड़ी सभी जरूरी जानकारियां भरनी होंगी। इसमें शामिल हैं:

रजिस्ट्री ऑफिस का नाम

अंचल और मौजा

थाना और खाता-खेसरा नंबर

जमीन का रकबा और चौहदी

जमाबंदी नंबर और धारक का नाम

जमीन का प्रकार और खरीद-बिक्री करने वालों का विवरण

कुल मिलाकर 13 महत्वपूर्ण जानकारियां भरनी होंगी।

जमीन की स्थिति की जांच

जानकारी भरने के बाद पोर्टल पर खरीदार को विकल्प मिलेगा कि क्या वह जमीन की मौजूदा स्थिति जानना चाहता है। अगर हां चुनता है, तो आवेदन सीधे अंचलाधिकारी (CO) और राजस्व कर्मचारियों के पास पहुंच जाएगा। अधिकारी 10 दिनों के भीतर जमीन की स्थिति की जांच करेंगे और रिपोर्ट तैयार करेंगे। यह रिपोर्ट तुरंत खरीदार के अकाउंट में दिखेगी। साथ ही, अपडेट की सूचना एसएमएस के जरिए भी मिलेगी।

विवाद और धोखाधड़ी पर रोक

इस कदम से जमीन से जुड़ी फर्जीवाड़ा, विवाद और धोखाधड़ी पर रोक लगेगी। खरीदार पहले ही जान पाएगा कि जमीन पर कोई बकाया, कानूनी अड़चन या विवाद तो नहीं है। सरकार का उद्देश्य है कि जमीन खरीदने वाले को सुरक्षा और पारदर्शिता दोनों मिलें। अब खरीदार निश्चिंत होकर जमीन खरीद सकता है, क्योंकि पहले ही पूरी जानकारी और सत्यापन सुनिश्चित किया जाएगा। इस नई व्यवस्था से बिहार में जमीन रजिस्ट्री की प्रक्रिया ज्यादा भरोसेमंद और विवाद मुक्त होने की उम्मीद है।

यूपी में कर्मचारियों को खुशखबरी, आ गई सैलरी, चेक कर लें!

लखनऊ। उत्तर प्रदेश के सरकारी कर्मचारियों और पेंशनर्स के लिए राहत भरी खबर है। फरवरी माह की सैलरी अब उनके बैंक अकाउंट में क्रेडिट हो चुकी है। मूल रूप से यह भुगतान 28 फरवरी को होना था, लेकिन बैंक सर्वर में तकनीकी समस्या के कारण यह समय पर नहीं पहुंच सका।

क्यों बढ़ा था कर्मचारियों का आक्रोश?

माह के अंतिम दिन तक वेतन और पेंशन न मिलने से कर्मचारियों और पेंशनर्स में नाराजगी देखने को मिली। सर्वर डाउन होने की वजह से खातों में पैसा नहीं पहुंच पाया था। दरअसल सरकार ने कर्मचारियों को होली से पहले भुगतान का आश्वासन दिया था, लेकिन 28 फरवरी तक राशि नहीं मिली। वहीं, सेवानिवृत कर्मचारी एवं पेंशनर्स एसोसिएशन के प्रदेश अध्यक्ष अमरनाथ यादव ने बताया कि कई जिलों से पेंशन न मिलने की शिकायतें आई थीं।

अब सैलरी आई है अकाउंट में

तकनीकी समस्या दूर होने के बाद 2 मार्च की सुबह वेतन और पेंशन खातों में क्रेडिट कर दी गई है। कर्मचारियों और पेंशनर्स ने राहत की सांस ली है। अब सभी को फरवरी माह का वेतन और पेंशन पूरी तरह से मिल चुका है।

आगे के लिए सुझाव

सरकारी कर्मचारियों और पेंशनर्स को सलाह दी जा रही है कि वे अपने बैंक अकाउंट और पासबुक चेक करें, ताकि यह सुनिश्चित हो सके कि राशि सही तरीके से क्रेडिट हो गई है। इससे किसी भी तरह की तकनीकी खामियों या भुगतान में देरी का पता तुरंत चल सकेगा। यह निर्णय कर्मचारियों और पेंशनर्स के लिए राहत भरा कदम साबित हुआ और उनका माह का वेतन सुरक्षित रूप से उनके अकाउंट में पहुंच गया।

केंद्र सरकार का बड़ा फैसला, फोर्टिफाइड चावल का वितरण रोका

नई दिल्ली। केंद्र सरकार ने प्रधानमंत्री गरीब कल्याण अन्न योजना (PMGKAY) और अन्य सरकारी योजनाओं के तहत वितरित होने वाले फोर्टिफाइड चावल का वितरण अस्थायी रूप से रोक दिया है। यह कदम चावल के लंबे समय तक भंडारण के दौरान पोषक तत्वों के खराब होने की चिंताओं के बीच उठाया गया है।

फोर्टिफाइड चावल क्या है?

फोर्टिफाइड चावल में आयरन, फोलिक एसिड और विटामिन B12 जैसे पोषक तत्व मिलाए जाते हैं ताकि कुपोषण और एनीमिया जैसी समस्याओं से निपटा जा सके। इसे 2019 में पायलट प्रोजेक्ट के रूप में शुरू किया गया था और मार्च 2024 तक पूरे देश में लागू किया गया।

क्यों लिया गया यह निर्णय?

खाद्य मंत्रालय ने इस संदर्भ में आईआईटी खड़गपुर को विशेष अध्ययन सौंपा था। अध्ययन में यह जांचा गया कि विभिन्न मौसम और भंडारण परिस्थितियों में फोर्टिफाइड चावल कितने समय तक अपनी पोषण गुणवत्ता बनाए रखता है। रिपोर्ट में सामने आया कि नमी, तापमान और गोदामों में रखे जाने के तरीके से चावल में मिलाए गए विटामिन, आयरन और अन्य सूक्ष्म पोषक तत्व लंबे समय तक प्रभावित हो रहे हैं

भंडारण सबसे बड़ी चुनौती

केंद्रीय पूल में चावल की मात्रा जरूरत से बहुत अधिक है। आंकड़ों के अनुसार, केंद्र में लगभग 674 लाख मीट्रिक टन चावल उपलब्ध है, जबकि सालाना आवश्यकता केवल 372 लाख मीट्रिक टन है। इसके कारण चावल को गोदामों में 2-3 साल तक रखा जाता है। इतने लंबे समय तक भंडारित चावल में पोषक तत्व कमजोर पड़ जाते हैं, जिससे फोर्टिफाइड चावल का मूल उद्देश्य अधूरा रह जाता है।

आम जनता पर इसका असर

सरकार ने स्पष्ट किया है कि इस कदम से राशन कार्ड धारकों को मिलने वाले चावल की मात्रा में कोई कमी नहीं होगी। बस अब यह चावल फोर्टिफाइड (पोषित) नहीं होगा। यह बदलाव PDS, आंगनवाड़ी (ICDS) और स्कूलों में चल रही मिड-डे मील (PM POSHAN) योजनाओं पर लागू होगा। राज्यों को भी छूट दी गई है कि वे खरीफ सीजन 2025-26 के लिए अपनी सुविधा के अनुसार फोर्टिफाइड या सामान्य चावल वितरित कर सकते हैं।

आगे क्या होगा सरकार का कदम?

खाद्य मंत्रालय ने कहा है कि यह रोक स्थायी नहीं है। सरकार अब ऐसी तकनीक या सिस्टम पर काम कर रही है जिससे चावल में पोषक तत्व लंबे समय तक सुरक्षित रहें। जैसे ही कोई प्रभावी तरीका विकसित होगा, फोर्टिफाइड चावल का वितरण फिर से शुरू किया जाएगा। इस कदम से यह साफ है कि सरकार पोषण सुरक्षा और गुणवत्ता दोनों पर ध्यान दे रही है, ताकि लाभार्थियों को सुरक्षित और पौष्टिक अनाज मिले।

मार्च में मस्ती ही मस्ती! बिहार के स्कूल-कॉलेजों में छुट्टियों की झड़ी

पटना। बिहार के विश्वविद्यालयों और कॉलेजों में मार्च का महीना इस बार छुट्टियों से भरा हुआ नजर आ रहा है। होली के साथ ही अवकाश का दौर शुरू हो गया है, जिससे छात्रों को पढ़ाई से थोड़ा ब्रेक मिल गया है। इस महीने में छात्रों के लिए कई छुट्टियां मौजूद हैं।

होली से हुई छुट्टियों की शुरुआत

पटना विश्वविद्यालय और पाटलिपुत्र विश्वविद्यालय में होली के अवसर पर 2 मार्च से 5 मार्च तक अवकाश घोषित किया गया है। इन चार दिनों तक शैक्षणिक गतिविधियां पूरी तरह बंद रहेंगी। अवकाश समाप्त होने के बाद 6 मार्च से फिर नियमित कक्षाएं शुरू हो जाएंगी।

त्योहारों से भरा रहेगा मार्च

होली के बाद भी छुट्टियों का सिलसिला थमने वाला नहीं है। मार्च के तीसरे सप्ताह से फिर एक बार पढ़ाई पर ब्रेक लगेगा। 21 मार्च को ईद, 22 मार्च को बिहार दिवस, 26 मार्च को सम्राट अशोक जयंती, 27 मार्च को राम नवमी और 31 मार्च को महावीर जयंती के अवसर पर विश्वविद्यालयों और कॉलेजों में अवकाश रहेगा। इन प्रमुख त्योहारों के कारण शिक्षण कार्य कई दिनों तक प्रभावित रहने की संभावना है।

रविवार और चैती छठ का असर

मार्च में पांच रविवार (1, 8, 15, 22 और 29 मार्च) पड़ रहे हैं। रविवार को पहले से ही साप्ताहिक अवकाश रहता है, जिससे पढ़ाई के दिनों में और कमी आएगी। इसके अलावा 25 और 26 मार्च को चैती छठ का महापर्व भी मनाया जाएगा। इस दौरान कई जिलों में स्थानीय स्तर पर शिक्षण संस्थानों की गतिविधियां सीमित रहने की संभावना जताई जा रही है।

केंद्र सरकार का फैसला: कर्मचारियों के लिए 1 बड़ी खुशखबरी

नई दिल्ली। केंद्र सरकार की ओर से कर्मचारी भविष्य निधि (EPF) से जुड़े करोड़ों खाताधारकों के लिए राहत भरी खबर सामने आई है। कर्मचारी भविष्य निधि संगठन (EPFO) ने वित्त वर्ष 2025-26 के लिए भविष्य निधि पर ब्याज दर 8.25% बनाए रखने की सिफारिश की है। लगातार तीसरे साल इसी दर को बरकरार रखने का प्रस्ताव कर्मचारियों के लिए स्थिर और भरोसेमंद रिटर्न का संकेत देता है।

बैठक में क्या हुआ फैसला?

नई दिल्ली में आयोजित सेंट्रल बोर्ड ऑफ ट्रस्टीज (CBT) की 239वीं बैठक में यह निर्णय लिया गया। बैठक की अध्यक्षता केंद्रीय श्रम एवं रोजगार मंत्री मनसुख मंडाविया ने की। इस दौरान केंद्रीय राज्य मंत्री शोभा करंदलाजे, श्रम सचिव वंदना गुरनानी और EPFO के केंद्रीय आयुक्त रमेश कृष्णमूर्ति भी मौजूद रहे। अब इस सिफारिश को अंतिम मंजूरी के लिए वित्त मंत्रालय के पास भेजा जाएगा। स्वीकृति मिलने के बाद देशभर के सात करोड़ से अधिक सदस्यों के खातों में 8.25% की दर से ब्याज जोड़ा जाएगा।

EPF पर ब्याज कैसे मिलता है?

EPF खाते में हर महीने जमा होने वाली राशि पर ब्याज की गणना मासिक आधार पर की जाती है। हालांकि, यह ब्याज साल के अंत में एक साथ खाते में क्रेडिट होता है। इसका मतलब है कि नियमित योगदान करने वाले सदस्यों को पूरे वित्त वर्ष का ब्याज एकमुश्त दिखाई देता है।  ध्यान देने वाली बात यह है कि यदि कोई खाता 36 महीने तक निष्क्रिय रहता है, तो वह डॉर्मेंट श्रेणी में चला जाता है और उस पर ब्याज मिलना बंद हो सकता है। इसलिए खाते को सक्रिय रखना बेहद जरूरी है।

ब्याज दर का ट्रेंड क्या कहता है?

पिछले कुछ वर्षों में EPF की ब्याज दर में उतार-चढ़ाव देखने को मिला है। वित्त वर्ष 2021-22 में यह घटकर 8.10% पर आ गई थी, जो कई दशकों में सबसे कम स्तरों में से एक था। इसके बाद 2023-24 में इसे बढ़ाकर 8.25% किया गया। अब लगातार तीसरे साल इसी दर को बनाए रखने का प्रस्ताव स्थिरता का संकेत देता है। इससे EPFO के कोष पर अतिरिक्त दबाव नहीं पड़ेगा और कर्मचारियों को बैंक एफडी की तुलना में बेहतर व सुरक्षित रिटर्न मिलता रहेगा।

कर्मचारियों के लिए क्या है संदेश?

यदि आप EPF सदस्य हैं, तो फिलहाल ब्याज दर में किसी बदलाव की चिंता करने की आवश्यकता नहीं है। नियमित अंशदान जारी रखना और खाते को सक्रिय रखना आपके दीर्घकालिक वित्तीय लाभ के लिए महत्वपूर्ण है। यह कदम न केवल बचत को सुरक्षित रखता है, बल्कि भविष्य के लिए मजबूत आर्थिक आधार भी प्रदान करता है।

भारत-कनाडा की बड़ी यूरेनियम डील: व्यापार में नई रफ्तार

नई दिल्ली। भारत और कनाडा ने ऊर्जा और व्यापार सहयोग को नई ऊंचाई देने की दिशा में बड़ा कदम उठाया है। दोनों देशों ने असैन्य परमाणु ऊर्जा क्षेत्र में दीर्घकालिक यूरेनियम आपूर्ति के लिए 2.6 अरब डॉलर के समझौते पर हस्ताक्षर किए हैं। इसके साथ ही 2030 तक आपसी व्यापार को 50 अरब डॉलर तक पहुंचाने का महत्वाकांक्षी लक्ष्य तय किया गया है। यह निर्णय प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और कनाडा के प्रधानमंत्री मार्क कार्नी के बीच हुई वार्ता के बाद लिया गया।

क्या है यूरेनियम डील का महत्व?

यह समझौता भारत के सिविल न्यूक्लियर एनर्जी प्रोग्राम के लिए लंबे समय तक ईंधन आपूर्ति सुनिश्चित करेगा। भारत अपने ऊर्जा मिश्रण में परमाणु ऊर्जा की हिस्सेदारी बढ़ाना चाहता है, ताकि स्वच्छ और स्थिर बिजली उत्पादन सुनिश्चित किया जा सके।

इस डील से: 

परमाणु संयंत्रों के लिए फ्यूल सप्लाई में स्थिरता आएगी। 

आयात स्रोतों में विविधता बढ़ेगी। 

ऊर्जा सुरक्षा मजबूत होगी। 

दोनों देश छोटे मॉड्यूलर रिएक्टर (SMRs) और एडवांस्ड रिएक्टर तकनीक पर भी मिलकर काम करेंगे। यह भविष्य की स्वच्छ और सुरक्षित परमाणु तकनीक के विकास की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।

CEPA से क्या बदलेगा?

दोनों नेताओं ने व्यापक आर्थिक साझेदारी समझौते (CEPA) को जल्द अंतिम रूप देने पर सहमति जताई है। 2026 के अंत तक इसे पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है। CEPA का उद्देश्य व्यापार और निवेश को बढ़ावा देना, टैरिफ बाधाओं को कम करना और नए सेक्टरों में सहयोग बढ़ाना प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि 2030 तक 50 अरब डॉलर के व्यापार लक्ष्य को हासिल करने के लिए आर्थिक सहयोग की पूरी क्षमता का उपयोग किया जाएगा।

बिहार में शिक्षकों को 4 बड़ी खुशखबरी, सरकार ने दी राहत

पटना। बिहार के सरकारी शिक्षकों के लिए एक अहम और सकारात्मक खबर सामने आई है। नीतीश कुमार के नेतृत्व वाली राज्य सरकार ने प्रमोशन, वेतन भुगतान और ट्रांसफर पॉलिसी को लेकर महत्वपूर्ण निर्णय लिए हैं। इन फैसलों से राज्य के लाखों शिक्षक और प्रधानाध्यापक सीधे तौर पर लाभान्वित होंगे।

अप्रैल 2026 से शुरू होगी प्रमोशन प्रक्रिया

राज्य के शिक्षा मंत्री ने हाल ही में विधानसभा में जानकारी देते हुए बताया कि वित्तीय वर्ष 2025-26 की समाप्ति के बाद शिक्षकों की पदोन्नति प्रक्रिया शुरू कर दी जाएगी। विभागीय तैयारी के अनुसार, अप्रैल 2026 से प्रमोशन का औपचारिक दौर शुरू होगा।

पहले चरण में प्राथमिक और मध्य विद्यालय स्तर के शिक्षकों को शामिल किया जाएगा। इसके बाद अन्य श्रेणियों के शिक्षकों को भी क्रमवार पदोन्नति दी जाएगी। लंबे समय से पदोन्नति की प्रतीक्षा कर रहे शिक्षकों के लिए यह निर्णय बड़ी राहत के रूप में देखा जा रहा है।

पारदर्शी और नियम आधारित होगी प्रक्रिया

सरकार ने स्पष्ट किया है कि प्रमोशन प्रक्रिया पूरी तरह निष्पक्ष और पारदर्शी होगी। इसके लिए निम्न आधार तय किए गए हैं। सेवा अवधि, शैक्षणिक योग्यता, विभागीय नियम और पात्रता मानदंड। शिक्षा विभाग ने पदोन्नति से संबंधित नियमों को लगभग अंतिम रूप दे दिया है, जिससे प्रक्रिया में अनावश्यक देरी की संभावना कम हो जाएगी।

ट्रांसफर पॉलिसी में भी बड़ा बदलाव

सिर्फ प्रमोशन ही नहीं, बल्कि तबादला नीति में भी बड़ा बदलाव प्रस्तावित है। नई नियमावली के तहत जून 2026 से बड़े स्तर पर शिक्षकों के तबादले किए जाएंगे। इसका सबसे बड़ा लाभ उन शिक्षकों को मिलेगा जो वर्षों से दूर-दराज या कठिन क्षेत्रों में पदस्थापित हैं। नई नीति के जरिए स्थानांतरण प्रक्रिया को व्यवस्थित, ऑनलाइन और पारदर्शी बनाने की तैयारी की जा रही है, ताकि किसी तरह की पक्षपात की शिकायत न हो।

वेतन भुगतान व्यवस्था पर भी फोकस

सरकार ने यह भी संकेत दिया है कि वेतन भुगतान प्रणाली को अधिक सुव्यवस्थित और समयबद्ध बनाया जाएगा। इससे शिक्षकों को नियमित भुगतान सुनिश्चित होगा और प्रशासनिक जटिलताओं में कमी आएगी।

अमेरिका के आगे कितनी देर टिक पायेगा ईरान, जानें दोनों की सैन्य ताकत

न्यूज डेस्क। मध्य पूर्व में बढ़ते तनाव के बीच यह सवाल बार-बार उठ रहा है की ईरान, अमेरिका के सामने कितनी देर टिक पाएगा? इस प्रश्न का उत्तर केवल सैनिकों और हथियारों की संख्या से नहीं, बल्कि रणनीति, भूगोल, तकनीक और युद्ध की प्रकृति से भी तय होगा।

वैश्विक सैन्य रैंकिंग और बजट

वैश्विक फायरपावर सूचकांक में अमेरिका पहले स्थान पर है, जबकि ईरान लगभग 16वें स्थान पर।

रक्षा बजट: अमेरिका करीब 895 अरब डॉलर खर्च करता है, जबकि ईरान का बजट लगभग 15 अरब डॉलर है। यह अंतर दिखाता है कि तकनीक, रिसर्च और आधुनिक हथियारों में अमेरिका को भारी बढ़त है।

मानव संसाधन और पारंपरिक ताकत

सक्रिय सैनिक: अमेरिका के पास लगभग 13.3 लाख सक्रिय सैनिक हैं, जबकि ईरान के पास लगभग 6.1 लाख।

टैंक: अमेरिका के पास 4,600 से अधिक आधुनिक टैंक हैं, ईरान के पास लगभग 2,675।

वायुसेना: अमेरिका के पास 13,000 से अधिक विमान (जिनमें अत्याधुनिक F-35 और F-22 जैसे स्टील्थ फाइटर शामिल) हैं, जबकि ईरान के पास करीब 550 विमान हैं, जिनमें अधिकांश पुराने मॉडल हैं।

नौसैनिक शक्ति

अमेरिका की नौसेना दुनिया की सबसे शक्तिशाली मानी जाती है। 11 एयरक्राफ्ट कैरियर और 66 पनडुब्बियां उसे वैश्विक स्तर पर शक्ति प्रक्षेपण की क्षमता देती हैं। इसके विपरीत ईरान के पास 100 से अधिक नौसैनिक संपत्तियां हैं, जिनमें अधिकतर तेज रफ्तार छोटी नावें और तटीय सुरक्षा संसाधन शामिल हैं।

अमेरिका की विशेष सैन्य बढ़त

अमेरिका के पास स्टील्थ बमवर्षक जैसे B-2 Spirit और लंबी दूरी की Tomahawk क्रूज मिसाइलें हैं, जो सटीक हमले करने में सक्षम हैं। क्षेत्र में तैनात विमानवाहक पोत USS Abraham Lincoln और USS Gerald R. Ford अमेरिका को तुरंत जवाबी कार्रवाई की ताकत देते हैं।

ईरान की असली रणनीति: असममित युद्ध

ईरान सीधे पारंपरिक युद्ध में अमेरिका का मुकाबला नहीं कर सकता, लेकिन उसकी ताकत असममित युद्ध में है। ईरान के पास मध्य पूर्व का बड़ा बैलिस्टिक और क्रूज मिसाइल जखीरा है, जिसकी मारक क्षमता लगभग 2,500 किमी तक बताई जाती है।

“ड्रिजल रणनीति” के तहत छोटे-छोटे मिसाइल और ड्रोन हमलों की लगातार बौछार कर वह विरोधी की हवाई सुरक्षा प्रणाली को थकाने की कोशिश करता है। फारस की खाड़ी का भूगोल संकरा समुद्री मार्ग और तटीय मिसाइल तैनाती ईरान को रक्षात्मक बढ़त देता है।

यूपी में 'फार्मासिस्ट' की बंपर भर्ती, 29 मार्च तक करें आवेदन

लखनऊ। उत्तर प्रदेश अधीनस्थ सेवा चयन आयोग (UPSSSC) ने राज्य में फार्मासिस्ट के 560 पदों पर भर्ती के लिए अधिसूचना जारी की है। स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत करने के उद्देश्य से निकाली गई यह भर्ती डी.फार्मा धारकों के लिए बड़ा अवसर मानी जा रही है। इच्छुक और योग्य अभ्यर्थी आयोग की आधिकारिक वेबसाइट upsssc.gov.in के माध्यम से ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं।

ऑनलाइन आवेदन प्रक्रिया 9 मार्च 2026 से शुरू होगी और 29 मार्च 2026 तक जारी रहेगी। अभ्यर्थियों को अंतिम तिथि से पहले आवेदन प्रक्रिया पूरी करने की सलाह दी गई है। आवेदन में किसी प्रकार की त्रुटि होने पर शुल्क समायोजन या संशोधन की अंतिम तिथि 5 अप्रैल 2026 निर्धारित की गई है।

पदों का विवरण

पद नाम: फार्मासिस्ट

कुल रिक्तियां: 560

शैक्षणिक योग्यता

अभ्यर्थी के पास किसी मान्यता प्राप्त संस्थान से फार्मेसी में डिप्लोमा (D.Pharma) होना अनिवार्य है। साथ ही, उम्मीदवार का उत्तर प्रदेश राज्य फार्मेसी परिषद में पंजीकरण होना भी जरूरी है।

आयु सीमा

आवेदक की न्यूनतम आयु 18 वर्ष और अधिकतम आयु 40 वर्ष निर्धारित की गई है। आरक्षित वर्ग के अभ्यर्थियों को सरकारी नियमों के अनुसार आयु सीमा में छूट प्रदान की जाएगी।

वेतनमान

चयनित अभ्यर्थियों को लेवल-5 के अंतर्गत वेतनमान दिया जाएगा। वेतन बैंड ₹5,200 से ₹20,200 तथा ग्रेड पे ₹2,800 निर्धारित है। अन्य भत्ते राज्य सरकार के नियमानुसार देय होंगे।

चयन प्रक्रिया

भर्ती प्रक्रिया के तहत अभ्यर्थियों को मुख्य परीक्षा में शामिल होना होगा। परीक्षा से संबंधित विस्तृत जानकारी आयोग द्वारा अलग से जारी की जाएगी।

आधिकारिक वेबसाइट: upsssc.gov.in 

सूर्य-शुक्र की युति: होली पर 5 राशियों की किस्मत चमकेगी

राशिफल। होली सिर्फ रंगों और खुशियों का पर्व नहीं है, बल्कि इस बार ग्रहों की स्थिति इसे और भी खास बना रही है। ज्योतिषाचार्यों के अनुसार सूर्य और शुक्र की युति होली के दिन कुछ राशियों के लिए विशेष रूप से शुभ परिणाम लेकर आएगी। इस योग से न केवल व्यक्तिगत जीवन में लाभ होगा, बल्कि आर्थिक और सामाजिक मामलों में भी सकारात्मक बदलाव देखने को मिल सकते हैं।

सूर्य-शुक्र की युति का महत्व

सूर्य का प्रभाव व्यक्ति के आत्मविश्वास, नेतृत्व क्षमता और करियर में सफलता पर पड़ता है। वहीं, शुक्र का प्रभाव प्रेम, धन, सौंदर्य और वैवाहिक जीवन से जुड़ा होता है। जब ये दोनों ग्रह युति में आते हैं, तो उनके संयोजन से इन क्षेत्रों में अत्यधिक सकारात्मक परिणाम देखने को मिलते हैं। ज्योतिषियों का मानना है कि ऐसे समय में नई शुरुआत, निवेश या महत्वपूर्ण निर्णय लाभकारी साबित हो सकते हैं।

5 राशियों के लिए शुभ संकेत

वृषभ राशि

करियर और आर्थिक मामलों में नई संभावनाएं खुलेंगी। नौकरी या व्यवसाय में लंबित प्रोजेक्ट्स सफलता की ओर बढ़ेंगे। पुराने निवेश लाभ देने लगेंगे और वित्तीय स्थिति मजबूत होगी।

मिथुन राशि

व्यक्तिगत और प्रेम संबंधों में सुधार होगा। जीवनसाथी या प्रियजन के साथ सामंजस्य बढ़ेगा। पारिवारिक विवाद कम होंगे और सामाजिक प्रतिष्ठा में वृद्धि संभव है।

सिंह राशि

नेतृत्व क्षमता और सामाजिक पहचान में वृद्धि होगी। कार्यक्षेत्र में मान-सम्मान मिलेगा और किसी नए प्रोजेक्ट में सफलता के अवसर बढ़ेंगे।

तुला राशि

आर्थिक मामलों में लाभ के संकेत हैं। संपत्ति और निवेश से लाभ मिलने की संभावना है। किसी नई योजना या व्यापार में शामिल होना फलदायी साबित हो सकता है।

मीन राशि

मानसिक शांति और पारिवारिक सुख मिलेगा। नए अवसरों की शुरुआत हो सकती है, विशेषकर रचनात्मक और सामाजिक गतिविधियों में सफलता मिलने की संभावना है।

8th Pay Commission: केंद्रीय कर्मचारियों के लिए 3 बड़ा खबर

नई दिल्ली। केंद्रीय कर्मचारियों के बीच इन दिनों सबसे बड़ी चर्चा 8वें वेतन आयोग को लेकर है। सभी की नजर इस बात पर टिकी है कि नई सिफारिशों में वेतन में कितना संशोधन होगा और फिटमेंट फैक्टर कितना तय किया जाएगा। अलग-अलग रिपोर्ट्स में 3.25, 2.86 या 2.28 जैसे आंकड़े सामने आ रहे हैं, लेकिन वास्तविक तस्वीर महंगाई दर, महंगाई भत्ता (DA) और आर्थिक परिस्थितियों पर निर्भर करेगी।

सैलरी बढ़ोतरी का संभावित गणित

पिछले वेतन आयोगों के आंकड़ों पर नजर डालें तो दूसरे से सातवें वेतन आयोग तक औसत वेतन वृद्धि लगभग 27 प्रतिशत रही है। हालांकि 7वां वेतन आयोग में कुल बढ़ोतरी करीब 14.27 प्रतिशत के आसपास रही थी। वर्तमान में महंगाई भत्ता 58 प्रतिशत स्वीकृत है और अनुमान है कि 1 जनवरी 2026 तक यह 60 प्रतिशत तक पहुंच सकता है। यदि इसी आधार को मानें और सरकार लगभग 18 प्रतिशत की वेतन वृद्धि पर सहमत होती है, तो कुल वेतन संशोधन सीमित दायरे में रह सकता है। 

फिटमेंट फैक्टर: असली खेल यहीं

फिटमेंट फैक्टर वह गुणक है जिससे मौजूदा बेसिक वेतन को गुणा कर नई बेसिक सैलरी तय की जाती है। इसकी गणना मुख्य रूप से दो बातों पर निर्भर करती है: उस समय लागू महंगाई भत्ता (DA) और वेतन में प्रस्तावित कुल वृद्धि। यदि जनवरी 2026 तक DA 60 प्रतिशत के आसपास रहता है और कुल वेतन वृद्धि लगभग 18 प्रतिशत तय होती है, तो फिटमेंट फैक्टर 1.90 से 1.92 के बीच रहने की संभावना बनती है। 

इसका अर्थ है कि कर्मचारियों की वर्तमान बेसिक सैलरी को लगभग 1.90 से गुणा कर नई सैलरी निर्धारित की जा सकती है। उदाहरण के तौर पर, यदि किसी कर्मचारी की मौजूदा बेसिक सैलरी 30,000 रुपये है, तो 1.90 के फिटमेंट फैक्टर से नई बेसिक लगभग 57,000 रुपये के आसपास होगी (अन्य भत्ते अलग से जोड़े जाएंगे)।

लागू कब होगा नया वेतनमान?

सरकार की योजना के अनुसार नया वेतनमान 1 जनवरी 2026 से प्रभावी माना जाएगा। हालांकि आयोग की अंतिम रिपोर्ट आने और उसे लागू होने में समय लग सकता है। मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार सिफारिशें तैयार करने में 15 से 18 महीने का समय लग सकता है। संभावना है कि अंतिम रिपोर्ट से पहले एक अंतरिम रिपोर्ट भी प्रस्तुत की जाए।

यदि अंतिम निर्णय 2026 के अंत या 2027 में होता है, तब भी कर्मचारियों को 1 जनवरी 2026 से एरियर का भुगतान किया जाएगा। यानी देरी होने पर भी आर्थिक लाभ पिछली तिथि से मिलेगा।

लापरवाही बर्दाश्त नहीं, बिहार में कर्मचारियों पर भारी जुर्माना

पटना। बिहार में सरकारी सेवाओं को समयबद्ध और पारदर्शी बनाने के उद्देश्य से लागू किया गया बिहार लोक सेवाओं का अधिकार अधिनियम, 2011 अब सख्ती के नए दौर में प्रवेश कर चुका है। राज्य सरकार ने स्पष्ट कर दिया है कि सेवाओं में देरी या लापरवाही अब बर्दाश्त नहीं की जाएगी। यही कारण है कि शिथिलता बरतने वाले कर्मियों पर अब तक 2.37 करोड़ 58 हजार रुपये का आर्थिक दंड लगाया जा चुका है।

इस पूरी व्यवस्था की मॉनिटरिंग सामान्य प्रशासन विभाग के अधीन बिहार प्रशासनिक सुधार मिशन द्वारा की जा रही है। आईटी आधारित ट्रैकिंग सिस्टम के कारण प्रत्येक आवेदन की स्थिति पर नजर रखी जा रही है, जिससे जवाबदेही तय करना आसान हुआ है।

99 प्रतिशत से अधिक सेवाएं समय पर

आंकड़े बताते हैं कि 15 अगस्त 2011 से जनवरी 2026 के पहले सप्ताह तक 51 करोड़ से अधिक आवेदन प्राप्त हुए, जिनमें लगभग 99.5 प्रतिशत मामलों का निष्पादन किया गया। केवल सामान्य प्रशासन विभाग से जुड़ी सेवाओं के लिए ही 40 करोड़ से अधिक आवेदन आए और उनमें से 99.70 प्रतिशत का निपटारा किया गया।

जमीन से जुड़े दाखिल-खारिज मामलों में भी बड़ी संख्या में आवेदन आए। हालांकि इनका निष्पादन प्रतिशत लगभग 95 प्रतिशत रहा, जो अन्य सेवाओं की तुलना में थोड़ा कम है, फिर भी यह प्रशासनिक दृष्टि से उल्लेखनीय उपलब्धि है।

बिचौलियों पर भी कार्रवाई

डिजिटल व्यवस्था लागू होने के बावजूद कुछ स्थानों पर बिचौलियों की सक्रियता सामने आई है। आधिकारिक जानकारी के अनुसार अब तक 355 बिचौलियों की गिरफ्तारी की जा चुकी है। यह कार्रवाई इस बात का संकेत है कि सरकार केवल कर्मचारियों ही नहीं, बल्कि भ्रष्ट तंत्र को भी समाप्त करने के लिए प्रतिबद्ध है।

ऑनलाइन प्रणाली से पारदर्शिता

करीब 90 प्रतिशत आवेदन अब ऑनलाइन माध्यम से आ रहे हैं। इससे न केवल प्रक्रिया तेज हुई है, बल्कि लोगों को कार्यालयों के चक्कर लगाने से भी राहत मिली है। आवेदन की ट्रैकिंग, समयसीमा की निगरानी और दंडात्मक प्रावधानों ने सेवा वितरण को अधिक जवाबदेह बनाया है।

होली 2026: यूपी के सरकारी स्कूल 4 मार्च तक बंद रहेंगे

लखनऊ। रंगों और खुशियों का त्योहार होली बस आने ही वाला है, और इस बार उत्तर प्रदेश के छात्रों के लिए यह त्यौहार दोगुनी खुशियाँ लेकर आ रहा है। उत्तर प्रदेश सरकार ने राज्य के सरकारी स्कूलों में 2 मार्च से 4 मार्च 2026 तक छुट्टियों की घोषणा की है। चूंकि 1 मार्च को रविवार है, इसलिए छात्रों को लगातार चार दिनों की लंबी छुट्टी का आनंद मिलेगा।

छुट्टियों का कारण

छुट्टियां होलिका दहन और मुख्य होली उत्सव के अवसर पर दी गई हैं। इस समय छात्रों और शिक्षकों को अपने परिवार के साथ त्योहार मनाने का पूरा अवसर मिलेगा।

यूपी में छुट्टियों का शेड्यूल

2 मार्च 2026 – होलिका दहन के उपलक्ष्य में अवकाश

3 मार्च 2026 – होलिका दहन के अगले दिन अवकाश

4 मार्च 2026 – मुख्य होली के दिन स्कूल बंद

5 मार्च 2026 – नियमित शैक्षणिक गतिविधियां फिर से शुरू

छात्रों और शिक्षकों के लिए लाभ

इस निर्णय से न केवल छात्रों को छुट्टी का आनंद मिलेगा, बल्कि शिक्षकों को भी अपने परिवार और दोस्तों के साथ त्योहार मनाने का पर्याप्त समय मिलेगा। यह कदम शिक्षा विभाग द्वारा छात्रों और कर्मचारियों के सामाजिक और पारिवारिक जीवन को महत्व देने की दृष्टि से लिया गया है।

यूपी में इन सड़कों का होगा चौड़ीकरण, देखें पूरी लिस्ट

रामपुर: उत्तर प्रदेश में सड़कों के चौड़ीकरण और नए निर्माण के काम में तेजी आ गई है। शाहबाद से रामपुर होकर बाजपुर सीमा तक की सड़क का चौड़ीकरण लगभग 50 प्रतिशत पूरा हो चुका है। निर्माण कार्य सितंबर-अक्टूबर 2025 से जारी है और अधिकारी अनुमान लगा रहे हैं कि शेष कार्य अगले छह माह के भीतर पूरा हो जाएगा।

प्रमुख सड़क परियोजना का विवरण

इस चौड़ीकरण योजना के तहत शाहबाद, पटवाई, रामपुर और स्वार होते हुए बाजपुर सीमा तक सड़क का विस्तार किया जा रहा है। सड़क के किनारे लगे करीब 900 पेड़ों को वन विभाग की सहमति के बाद काटा गया ताकि चौड़ीकरण का काम सुचारू रूप से हो सके। पिछले साल पेड़ों की अनुमति न मिलने के कारण यह कार्य लगभग एक साल तक रुक गया था।

कार्य में अब तक सड़क किनारों में मिट्टी का भराव, समतलीकरण और पुलिया निर्माण जैसे महत्वपूर्ण कार्य पूरे कर लिए गए हैं। रामपुर और स्वार के मध्य भी काफी कार्य पूरा हो चुका है, लेकिन शेष बचे 50 प्रतिशत कार्य को पूरा करने में अभी छह माह का समय लग सकता है। कुल दो सौ करोड़ रुपये की बजट राशि निर्धारित की गई है, हालांकि विभाग ने तीन माह की अतिरिक्त अवधि की संभावना भी जताई है।

नए सड़क निर्माण की स्वीकृति

प्रदेश सरकार ने जनपद की करीब डेढ़ दर्जन से अधिक संपर्क मार्गों के नए निर्माण को स्वीकृति दे दी है। इन परियोजनाओं के लिए लगभग 19.5 करोड़ रुपये का बजट निर्धारित किया गया है। लोक निर्माण विभाग ने शासन को प्रस्ताव भेजे थे और अब होली अवकाश के बाद इन सड़कों के निर्माण की प्रक्रिया पूरी कर कार्य आरंभ कराए जाएंगे।

इन नए संपर्क मार्गों में प्रमुख हैं:

दुआवट से मढ़ी मंदिर मार्ग

अकांदा मझरा से नरसिंहपुर मार्ग

नवदिया पुल से शमशान घाट मार्ग

ग्राम नानकार से अंत्येष्टि तक मार्ग

ढकिया मार्ग से मधुकर मझरा मार्ग

अलीपुरा ठेका से गुरुद्वारा तक मार्ग

रामनगर से शिवनगर मझरा तक मार्ग

सिसौना से धीमरी गोटिया पुलिया तक मार्ग

शाहबाद बिलारी रोड से देवीपुर तक संपर्क मार्ग

दीनदयाल उपाध्याय इंटर कॉलेज से आंबेडकर पार्क मार्ग

बीसरी से मिश्रीनगर रोड, काजीपुर चौराहा से मिलक निब्बी रोड, शेखूपुरा से बढ़पुरा रोड

नूरपुर फाजिलपुर से गुरुद्वारा और फाजलपुर मझरे से शमशान घाट रोड, केशोनगली मार्ग से मझरा होते हुए उत्तराखंड सीमा तक मार्ग। शासन स्तर से स्वीकृति मिलने के बाद जल्द ही इन संपर्क मार्गों के निर्माण कार्य शुरू कर दिए जाएंगे।

GSSSB Recruitment 2026: 203 पदों के लिए करें आवेदन

गांधीनगर। गुजरात के युवाओं के लिए नौकरी पाने का बड़ा मौका आया है। Gujarat Subordinate Service Selection Board (GSSSB) ने 203 Supervisor Instructor पदों पर भर्ती की घोषणा की है। यह भर्ती उन उम्मीदवारों के लिए है जिनके पास स्नातक की डिग्री और संबंधित क्षेत्र में डिप्लोमा है। साथ ही, उम्मीदवारों को बेसिक कंप्यूटर ज्ञान होना अनिवार्य है।

पदों और वेतन का विवरण

पद का नाम: Supervisor Instructor

कुल पद: 203

वेतन: ₹40,800 (फिक्स्ड 5 वर्षों के लिए), Pay Level-5 (₹29,200 – ₹92,300)

आयु सीमा

उम्मीदवार की उम्र 16 मार्च 2026 तक 18 से 36 वर्ष के बीच होनी चाहिए। आयु में छूट की जानकारी के लिए प्रकाशित नोटिफिकेशन को पढ़ें।

आवेदन प्रक्रिया

भर्ती प्रक्रिया पूरी तरह ऑनलाइन है।

आवेदन शुरू: 2 मार्च 2026, दोपहर 2 बजे

आवेदन की अंतिम तिथि: 16 मार्च 2026, रात 11:59 बजे

आधिकारिक वेबसाइट: gsssb.gujarat.gov.in

क्यों है यह भर्ती खास

203 पदों के लिए यह भर्ती गुजरात के युवाओं के लिए करियर बनाने का सुनहरा मौका है। योग्य उम्मीदवार समय पर आवेदन करके न सिर्फ सरकारी नौकरी पा सकते हैं बल्कि एक स्थिर और सुरक्षित करियर भी सुनिश्चित कर सकते हैं।

बिहार में 4 नदियों पर बनेंगे 12 नए पुल, इन जिलों को खुशखबरी

पटना। बिहार के लोगों के लिए अच्छी खबर है। प्रदेश सरकार ने राज्य की प्रमुख नदियों पर बड़े पुलों का निर्माण करके आवागमन को आसान और तेज बनाने की योजना बनाई है। इसके तहत गंगा, सोन, कोसी और गंडक जैसी महत्वपूर्ण नदियों पर कुल 51 पुलों की सुविधा उपलब्ध कराई जाएगी। इनमें से वर्तमान में 25 पुल पहले ही चालू हैं और 14 पुलों पर निर्माण कार्य जारी है। वहीं निकट भविष्य में 12 नए पुलों का निर्माण शुरू होने वाला है।

पथ निर्माण मंत्री दिलीप कुमार जायसवाल के अनुसार, राज्य में प्रमुख नदियों पर पुल निर्माण से लोगों को एक स्थान से दूसरे स्थान तक सुगम और तेज़ आवागमन मिलेगा। पिछले वर्षों में सरकार ने मेगा पुलों और अन्य छोटे पुलों का निर्माण करके इस दिशा में महत्वपूर्ण कदम उठाए हैं। अब नई परियोजनाओं के पूरा होने के बाद प्रदेशवासियों को बेहतर यातायात सुविधा और सुरक्षित आवागमन मिलेगा।

गंगा नदी पर पुल निर्माण

गंगा नदी पर सबसे अधिक पुल बनाए जा रहे हैं। वर्तमान में गंगा पर आठ पुल चालू हैं और आठ का निर्माण कार्य प्रगति पर है। जिन पुलों का निर्माण जारी है, उनमें शामिल हैं:

दिघवाड़ा-शेरपुर (6 लेन)

साहेबगंज-मनिहारी (4 लेन)

जेपी सेतु के समानांतर (6 लेन)

कच्ची दरगाह-बिदुपुर (6 लेन)

बख्तियारपुर-ताजपुर (4 लेन)

अगुवानी घाट-सुल्तानगंज (4 लेन)

विक्रमशिला सेतु के समानांतर (4 लेन)

महात्मा गांधी सेतु के समानांतर (4 लेन)

इसके अलावा, गंगा पर तीन नए प्रस्तावित पुलों में बक्सर में मौजूदा पुल के समानांतर (3 लेन), मटिहानी-शाम्हो में एक्सप्रेस-वे पर (6 लेन) और कहलगांव (4 लेन) शामिल हैं।

सोन नदी पर पुल निर्माण

सोन नदी पर पांच पुल चालू हैं। पंडुका में दो लेन पुल का निर्माण जारी है। वहीं, वाराणसी-रांची-कोलकाता मार्ग और पटना-आरा-सासाराम मार्ग पर जल्द ही दो नए पुलों का निर्माण शुरू होगा।

कोसी नदी पर पुल निर्माण

कोसी नदी पर भी पांच पुल पहले से चालू हैं। निर्माणाधीन पुलों में शामिल हैं। भेजा-बकौर एनएच 527ए मार्ग पर, फुलौत एनएच 106 मार्ग पर बिहपुर के समीप, गोरखपुर-सिलीगुड़ी मार्ग पर छह लेन पुल, पटना-पूर्णिया मार्ग पर सिमरी बख्तियारपुर के पास छह लेन पुल, कुरसेला में अतिरिक्त दो लेन पुल।

गंडक नदी पर पुल निर्माण

गंडक नदी पर वर्तमान में सात पुल चालू हैं। निर्माणाधीन पुलों में शामिल हैं। हाजीपुर में चार लेन पुल, एनएच 139 डब्ल्यू आमस-दरभंगा मार्ग पर कोन्हरवाघाट में चार लेन पुल, डुमरियाघाट में मौजूदा पुल के समानांतर दो लेन पुल, पश्चिमी चंपारण के वाल्मीकि टाइगर रिजर्व बाइपास पर चार लेन पुल, पतजिरवा में एनएच 727ए मार्ग पर चार लेन पुल, गोरखपुर-सिलीगुड़ी मार्ग पर छह लेन पुल, रामजानकी मार्ग सत्तरघाट पर चार लेन पुल। 

होली पर 5 शुभ राजयोग: 5 राशियों के जीवन में आएंगे बड़े बदलाव और अवसर

राशिफल। होली का त्योहार केवल रंगों और खुशियों का प्रतीक नहीं है, बल्कि यह समय जीवन में सकारात्मक ऊर्जा और नए अवसरों का संकेत भी देता है। ज्योतिषीय गणनाओं के अनुसार इस होली पर कई राशियों के लिए विशेष शुभ योग बन रहे हैं, जो उनके जीवन में बड़े बदलाव और लाभ ला सकते हैं।

राजयोगों का महत्व

राजयोग एक ऐसा ज्योतिषीय योग है जो व्यक्ति के जीवन में सफलता, सम्मान और आर्थिक लाभ के संकेत देता है। इस बार की होली पर विशेष रूप से कुंभ राशि में सूर्य, बुध और शुक्र की युति बनने से कई शुभ राजयोगों का निर्माण हो रहा है। इनमें बुधादित्य राजयोग और शुक्रादित्य राजयोग शामिल हैं। ये योग ज्ञान, करियर, धन और रिश्तों में सकारात्मक बदलाव लाते हैं।

बन रहे 5 शुभ राजयोग

ज्योतिषीय गणना के अनुसार कुल 5 प्रमुख राजयोग बन रहे हैं, जिनका लाभ कुछ विशेष राशियों को विशेष रूप से मिलेगा। इन राजयोगों में मालव्य योग जैसे संयोजन भी शामिल हैं, जो आर्थिक और सामाजिक सफलता में मदद करते हैं।

इन 5 राशियों को मिलेगा लाभ

कुंभ राशि: सूर्य, बुध और शुक्र की युति के कारण बुधादित्य और शुक्रादित्य राजयोग बन रहे हैं। यह समय करियर, शिक्षा और वैवाहिक जीवन में विशेष अवसर लेकर आएगा।

सिंह राशि: इस राशि के जातकों के लिए विशेष आर्थिक लाभ और व्यवसाय में सफलता के संकेत हैं।

मिथुन राशि: व्यापार, नौकरी और निवेश के मामले में शुभ परिणाम मिल सकते हैं।

धनु राशि: इस समय रचनात्मक काम और नई शुरुआत के लिए अनुकूल है।

तुला राशि: पारिवारिक खुशियाँ और नए अवसरों के योग बन रहे हैं।

जीवन में बदलाव और अवसर

ये राजयोग न केवल आर्थिक और सामाजिक स्थिति में सुधार लाते हैं, बल्कि मानसिक और आध्यात्मिक उन्नति के लिए भी अनुकूल होते हैं। सही समय पर सही निर्णय लेने से इन राशियों के जातकों के जीवन में स्थायी सफलता और खुशियाँ आ सकती हैं।

युवाओं की बल्ले-बल्ले: यूपी में दो बड़ी भर्ती, तुरंत अप्लाई करें

लखनऊ। उत्तर प्रदेश में युवाओं के लिए रोजगार के सुनहरे अवसर खुले हैं। इस बार Kalyan Singh Super Specialty Cancer Institute (KSSSCI) और उत्तर प्रदेश अधीनस्थ सेवा चयन आयोग (UPSSSC) ने दो बड़ी भर्तियों का ऐलान किया है। कुल मिलाकर 682 से ज्यादा पदों पर उम्मीदवारों की जरूरत है।

1. KSSSCI भर्ती 2026

Kalyan Singh Super Specialty Cancer Institute (KSSSCI) में 122 पदों के लिए भर्ती जारी की गई है। इनमें Senior Pharmacist, Technician और अन्य पद शामिल हैं। इस भर्ती में आवेदन करने के लिए उम्मीदवार के पास MLT में डिप्लोमा या B.Sc की डिग्री होना अनिवार्य है।

आवेदन प्रक्रिया: उम्मीदवारों को ऑफलाइन आवेदन करना होगा। आवेदन पत्र KSSSCI की आधिकारिक वेबसाइट से डाउनलोड किया जा सकता है। आवेदन की प्रक्रिया 27 फरवरी 2026 से शुरू होकर 31 मार्च 2026 को समाप्त होगी।

2. UPSSSC भर्ती 2026

उत्तर प्रदेश अधीनस्थ सेवा चयन आयोग (UPSSSC) ने 560 फार्मासिस्ट पदों के लिए भर्ती का ऐलान किया है। इस भर्ती के लिए उम्मीदवारों के पास D.Pharm की योग्यता होना आवश्यक है। इच्छुक उम्मीदवार नोटिश को पढ़ें और आवेदन करें।

आवेदन प्रक्रिया: इस भर्ती में आवेदन ऑनलाइन किया जाएगा। ऑनलाइन आवेदन की प्रक्रिया 9 मार्च 2026 से शुरू होगी और 29 मार्च 2026 को समाप्त होगी। उम्मीदवार UPSSSC की आधिकारिक वेबसाइट upsssc.gov.in के माध्यम से आवेदन कर सकते हैं।

युवाओं के लिए संदेश

यह दोनों भर्तियाँ यूपी में करियर बनाने के इच्छुक युवाओं के लिए एक सुनहरा अवसर हैं। इच्छुक उम्मीदवार समय पर आवेदन कर अपने सपनों की नौकरी पाने का मौका नहीं गंवाएं।

8वें वेतन आयोग: ₹44,900 ग्रेड-पे कर्मचारियों की नई सैलरी पर अनुमान?

नई दिल्ली। केंद्रीय कर्मचारियों की बेसिक सैलरी तय करने में फिटमेंट फैक्टर सबसे अहम भूमिका निभाता है। पिछले 7वें वेतन आयोग में यह फैक्टर 2.57 था, जिसके कारण न्यूनतम सैलरी ₹7,000 से बढ़कर ₹18,000 हो गई थी। अब 8वें वेतन आयोग में फिटमेंट फैक्टर को लेकर चर्चा जोरों पर है, और तीन संभावित अनुमानों 1.92, 2.08 और 2.86 के आधार पर नई सैलरी का अंदाजा लगाया जा रहा है।

फिटमेंट फैक्टर से बेसिक सैलरी कैसे तय होती है?

बेसिक सैलरी निकालने का सरल फार्मूला है:

नई बेसिक सैलरी = मौजूदा बेसिक पे × फिटमेंट फैक्टर

इसका मतलब है कि किसी भी कर्मचारी की बेसिक पे मौजूदा स्तर से फिटमेंट फैक्टर के अनुपात में बढ़ेगी।

₹44,900 बेसिक-पे वालों के लिए अनुमान

यदि 8वें वेतन आयोग में Level 7 के कर्मचारियों का बेसिक ₹44,900 है, तो संभावित नई सैलरी इस प्रकार हो सकती है:

1.92 फिटमेंट फैक्टर पर नई बेसिक सैलरी (अनुमानित): ₹86,208

2.08 फिटमेंट फैक्टर पर नई बेसिक सैलरी (अनुमानित): ₹93,392

2.86 फिटमेंट फैक्टर पर नई बेसिक सैलरी (अनुमानित): ₹1,28,414

क्या इससे कर्मचारियों को होगा फायदा?

यदि फिटमेंट फैक्टर उच्च तय होता है, तो कर्मचारियों की सैलरी में काफी वृद्धि देखने को मिलेगी। यह न केवल मौजूदा कर्मचारियों के जीवन स्तर में सुधार लाएगा, बल्कि वेतनमान में बढ़ोतरी से खरीद शक्ति और वित्तीय स्थिरता भी मजबूत होगी।

जानकारों का मानना है कि अंतिम फिटमेंट फैक्टर का फैसला सरकारी बजट और केंद्रीय समिति की सिफारिशों के आधार पर किया जाएगा। 8वें वेतन आयोग के निर्णय से वेतन बढ़ोतरी और नई सैलरी का वास्तविक असर 2026 में स्पष्ट होगा।

सीएम योगी का बड़ा फैसला: यूपी में जिमों की जांच के आदेश

वाराणसी। उत्तर प्रदेश में महिलाओं और युवाओं की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सभी जिमों की सख्त जांच के आदेश दिए हैं। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया है कि प्रत्येक जिम में महिलाओं के लिए महिला ट्रेनर की व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। यह निर्णय उस समय लिया गया जब वाराणसी के पड़ोसी जिले में जिम की आड़ में लड़कियों के धर्मांतरण का गंभीर मामला सामने आया।

मामला और कार्रवाई

पड़ोसी जिले में सामने आए इस मामले में कई लोगों को गिरफ्तार किया गया है, जिनमें एक सिपाही भी शामिल था। जांच में यह पता चला कि कुछ जिमों का उपयोग धर्मांतरण की योजना को अंजाम देने के लिए किया जा रहा था। मामले की गंभीरता को देखते हुए मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि कोई भी चूक न हो और सभी नियमों का पालन सुनिश्चित किया जाए।

महिलाओं की सुरक्षा

मुख्यमंत्री ने कहा कि जिमों में महिलाओं की सुरक्षा और सुविधा सर्वोपरि होनी चाहिए। इसके लिए महिला प्रशिक्षकों की नियुक्ति अनिवार्य की जाए और यह सुनिश्चित किया जाए कि किसी भी जिम में असामाजिक या अवैध गतिविधियों को अंजाम न दिया जा सके।

अधिकारियों के साथ बैठक

सीएम योगी रविवार को वाराणसी के सर्किट हाउस सभागार में अधिकारियों के साथ बैठक कर रहे थे। बैठक में अधिकारियों को निर्देश दिए गए कि प्रदेश में नियमित निरीक्षण किया जाए और नियमों के उल्लंघन करने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाए।

होली पर रंगों की बरसात: 5 राशियों का भाग्य कमल की तरह खिलेगा

राशिफल। होली का त्योहार न सिर्फ रंगों और खुशियों का प्रतीक है, बल्कि ज्योतिष के अनुसार यह समय भाग्य, संबंध और करियर में नए अवसरों को भी उजागर करता है। इस साल होली के मौके पर पाँच राशियों के लिए विशेष सौगात आने वाली है। ग्रहों की चाल और पंचांग के हिसाब से इन राशियों के जीवन में सफलता, समृद्धि और खुशियों का तड़का लगने वाला है।

1. मेष राशि

मेष राशि वालों के लिए होली के दिन भाग्य का विशेष संयोग बन रहा है। कार्यक्षेत्र में सफलता और सामाजिक प्रतिष्ठा बढ़ेगी। पुराने विवाद सुलझेंगे और परिवार में सुख-शांति का माहौल रहेगा। निवेश या व्यापार से लाभ के योग भी बने हुए हैं।

2. सिंह राशि

सिंह राशि के जातकों का करियर और आर्थिक पक्ष इस होली रंगीन होगा। नए अवसर मिलेंगे और मेहनत का फल मिलेगा। साथ ही, जीवनसाथी या प्रियजन के साथ रिश्तों में मिठास बढ़ेगी। कला या रचनात्मक कामों में भी इस समय अच्छा लाभ मिलने की संभावना है।

3. धनु राशि

धनु राशि के लिए होली का समय विशेष रूप से भाग्यशाली साबित होगा। लंबित कार्य पूरे होंगे और जीवन में सकारात्मक बदलाव आएंगे। दोस्तों और परिवार के साथ समय बिताने का मौका मिलेगा। यात्रा या शिक्षा से जुड़े निर्णय सफल रहेंगे।

4. तुला राशि

तुला राशि वालों के लिए यह पर्व प्रेम और संबंधों में सफलता लेकर आएगा। नए रिश्ते बन सकते हैं और पुराने संबंधों में मजबूती आएगी। साथ ही, आर्थिक लाभ के नए मार्ग खुलेंगे। स्वास्थ्य का ध्यान रखने पर लाभ होगा।

5.मकर राशि

मकर राशि के जातकों के लिए होली का समय व्यापार और करियर में उत्साह और सफलता लेकर आएगा। मेहनत का परिणाम सामने आएगा और जीवन में स्थिरता बनी रहेगी। परिवार और मित्रों के साथ समय बिताने से मानसिक संतुलन भी बढ़ेगा।

सरकार की आमदनी में तड़का, GST कलेक्शन 1.83 लाख करोड़ के पार!

नई दिल्ली। वित्तीय संकेतकों में सुधार का असर अब जीएसटी कलेक्शन पर साफ दिख रहा है। फरवरी 2026 में गुड्स एंड सर्विस टैक्स (GST) संग्रह सालाना आधार पर 8.1 प्रतिशत बढ़कर 1.83 लाख करोड़ रुपये से अधिक हो गया है। इसमें इंपोर्ट से राजस्व में हुई मजबूती का मुख्य योगदान रहा। 

सरकारी आंकड़ों के अनुसार, कुल डोमेस्टिक जीएसटी संग्रह 5.3 प्रतिशत बढ़कर लगभग 1.36 लाख करोड़ रुपये रहा, जबकि आयात से सकल राजस्व 17.2 प्रतिशत बढ़कर 47,837 करोड़ रुपये तक पहुंच गया। आने वाले महीनों में अगर यह रुझान जारी रहता है, तो जीएसटी संग्रह 2 ट्रिलियन रुपये के स्तर तक पहुंचने की संभावना मजबूत हो सकती है।

डोमेस्टिक और इंपोर्ट का योगदान

फरवरी में कुल जीएसटी कलेक्शन 1.61 लाख करोड़ रुपये से अधिक रहा, जो पिछले साल की इसी अवधि की तुलना में 7.9 प्रतिशत अधिक है। शुद्ध सेस राजस्व 5,063 करोड़ रुपये रहा, जो पिछले साल फरवरी में 13,481 करोड़ रुपये था। कुल रिफंड में भी बढ़ोतरी देखी गई, जो 10.2 प्रतिशत बढ़कर 22,595 करोड़ रुपये हो गया।

विशेषज्ञों की क्या है राय

जानकारों की मानें तो जीएसटी डेटा दिखाता है कि उपभोग (कंजम्पशन) बढ़ा है। इससे रेट में कमी की भरपाई हुई और महीने के कलेक्शन में 8 प्रतिशत की बढ़ोतरी दर्ज की गई। जीएसटी कलेक्शन हर महीने 2 ट्रिलियन रुपये के निशान की ओर बढ़ रहा है।

राज्यों का योगदान

राज्य-वार पोस्ट-सेटलमेंट जीएसटी संग्रह में विविधता देखी गई। औद्योगिक रूप से विकसित राज्यों ने सबसे अधिक फायदा उठाया, जबकि छोटे राज्यों में संग्रह कुछ कम रहा। महाराष्ट्र ने प्री-सेटलमेंट 10,286 करोड़ रुपये के साथ सबसे बड़ा योगदान दिया, इसके बाद कर्नाटक और गुजरात का नाम आता है। जानकारों का मानना है कि यह संकेत है कि आर्थिक गतिविधियां मजबूत बनी हुई हैं और बड़े राज्यों में उपभोग तथा कारोबारी गतिविधियां लगातार बढ़ रही हैं।

खुशखबरी ही खुशखबरी: यूपी में 560 पदों पर बंपर भर्ती, युवाओं को मौका

लखनऊ। युवाओं के लिए बड़ी सरकारी नौकरी की खबर है। उत्तर प्रदेश अधीनस्थ सेवा चयन आयोग (UPSSSC) ने 560 फार्मासिस्ट पदों के लिए भर्ती प्रक्रिया शुरू कर दी है। यह अवसर विशेष रूप से उन उम्मीदवारों के लिए है जिन्होंने फार्मेसी में डिप्लोमा किया है।

आवेदन की महत्वपूर्ण जानकारी

भर्ती के लिए ऑनलाइन आवेदन 9 मार्च 2026 से शुरू होंगे और 29 मार्च 2026 तक चलेंगे। इच्छुक उम्मीदवार UPSSSC की आधिकारिक वेबसाइट upsssc.gov.in पर जाकर आवेदन कर सकते हैं। आवेदन में कोई गलती सुधारने की अंतिम तिथि 5 अप्रैल 2026 रखी गई है।

पद का नाम: फार्मासिस्ट

कुल पद: 560

वेतन: लेवल-5, ₹5,200 – ₹20,200, ग्रेड पे ₹2,800

आयु सीमा: 18 से 40 वर्ष (आरक्षण नियमों के अनुसार छूट लागू)

शैक्षिक योग्यता: फार्मेसी में डिप्लोमा और राज्य फार्मेसी काउंसिल में पंजीकरण

आवेदन प्रक्रिया आसान 

इच्छुक और योग्य उम्मीदवार UPSSSC की आधिकारिक वेबसाइट upsssc.gov.in पर जाकर आवेदन कर सकते हैं। इसको लेकर निर्देश दिए गए हैं।

उत्तर प्रदेश में इस भर्ती का महत्व

फार्मासिस्ट पदों पर नियुक्ति के साथ उम्मीदवारों को स्थिर सरकारी नौकरी, नियमित वेतन और स्वास्थ्य क्षेत्र में करियर के बेहतर अवसर मिलेंगे। राज्य के सरकारी अस्पतालों, स्वास्थ्य केंद्रों और फार्मास्यूटिकल परियोजनाओं में इन उम्मीदवारों की सेवाएं महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगी।

जानकारों का मानना है कि यह भर्ती न केवल युवाओं के लिए रोजगार के नए रास्ते खोलेगी, बल्कि स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता को भी बढ़ाएगी। इस भर्ती में भाग लेने के लिए उम्मीदवारों को सलाह दी जाती है कि वे समय रहते ऑनलाइन आवेदन कर दें और UPSSSC की वेबसाइट पर सभी अपडेट चेक करें।

केंद्र सरकार का 1 बड़ा फैसला: पशुपालकों के लिए खुशखबरी

नई दिल्ली। ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूती देने की दिशा में केंद्र सरकार ने पशुपालकों के लिए राहत भरी पहल की है। अब डेयरी और पशुधन से जुड़े किसान भी आसान शर्तों पर सस्ती ब्याज दर में ऋण ले सकेंगे। इसके लिए सरकार ने किसान क्रेडिट कार्ड के दायरे को पशुपालन गतिविधियों तक प्रभावी रूप से लागू किया है, जिससे छोटे और मध्यम पशुपालकों को बड़ी राहत मिलने की उम्मीद है।

क्यों अहम है यह योजना?

ग्रामीण क्षेत्रों में पशुपालन किसानों की आय का अहम स्रोत है। लेकिन चारा, दवा, टीकाकरण, शेड निर्माण और अन्य जरूरी खर्चों के लिए अक्सर पशुपालकों को ऊंची ब्याज दर पर कर्ज लेना पड़ता है। अब KCC के जरिए उन्हें वर्किंग कैपिटल आसानी से मिल सकेगा, जिससे साहूकारों पर निर्भरता कम होगी और व्यवसाय का विस्तार संभव हो सकेगा।

किन्हें मिलेगा लाभ?

इस सुविधा का लाभ वे किसान और समूह उठा सकते हैं जो डेयरी फार्मिंग कर रहे हैं, गाय, भैंस, बकरी, भेड़ या पोल्ट्री पालन से जुड़े हैं, स्वयं सहायता समूह (SHG) के रूप में पशुधन आधारित गतिविधियां चला रहे हैं, मत्स्य पालन या अन्य पशुधन व्यवसाय में सक्रिय हैं

आवेदन कैसे करें?

पशुपालन के लिए KCC बनवाने की प्रक्रिया सरल रखी गई है। नजदीकी बैंक शाखा, कॉमन सर्विस सेंटर (CSC) या प्राथमिक कृषि साख समिति (PACS) पर संपर्क करें। KCC आवेदन फॉर्म भरें। आधार कार्ड, बैंक खाते का विवरण और पशुपालन संबंधी जानकारी जमा करें। बैंक दस्तावेजों की जांच के बाद पात्रता के अनुसार क्रेडिट लिमिट तय करेगा। स्वीकृति मिलते ही किसान को KCC जारी कर दिया जाएगा।

ब्याज दर में राहत

इस योजना के तहत ऋण पर सामान्य ब्याज दर 7 प्रतिशत रखी गई है। यदि लाभार्थी समय पर भुगतान करता है तो अतिरिक्त 3 प्रतिशत की ब्याज छूट भी मिलती है (निर्धारित सीमा तक)। यानी प्रभावी ब्याज दर और कम हो जाती है, जिससे पशुपालकों की लागत घटती है और मुनाफा बढ़ाने का अवसर मिलता है।

आय बढ़ाने की दिशा में कदम

सरकार का यह पहल पशुपालन क्षेत्र में निवेश को बढ़ावा देगी। सस्ती वित्तीय सहायता मिलने से किसान बेहतर नस्ल के पशु खरीद सकेंगे, आधुनिक शेड बना सकेंगे और पशुओं की देखभाल पर अधिक खर्च कर पाएंगे। इससे दूध और अन्य पशु उत्पादों का उत्पादन बढ़ेगा और ग्रामीण आय में स्थिरता आएगी।

सोने-चांदी के दामों में महातूफान, बाजार में मचा हड़कंप!

नई दिल्ली। मध्य-पूर्व में बढ़ते तनाव ने वैश्विक वित्तीय बाजारों की दिशा ही बदल दी है। जब भी दुनिया में अनिश्चितता बढ़ती है, निवेशक जोखिम भरे एसेट से दूरी बनाकर सुरक्षित विकल्पों की ओर रुख करते हैं। इस बार भी यही देखने को मिल रहा है। सोना और चांदी की मांग अचानक बढ़ गई है, जिससे इनके दाम रिकॉर्ड स्तर के करीब पहुंच गए हैं।

अंतरराष्ट्रीय बाजार में जबरदस्त तेजी

COMEX पर सोने की कीमतों में उल्लेखनीय उछाल दर्ज किया गया। कारोबार के दौरान भाव 5,400 डॉलर प्रति औंस के स्तर तक पहुंच गया और इंट्राडे ट्रेड में 2.5 प्रतिशत से अधिक की बढ़त दर्ज की गई। चांदी भी पीछे नहीं रही। वहीँ पर चांदी की कीमत ऊपर की ओर गैप के साथ खुली और कुछ ही समय में 96.930 डॉलर प्रति औंस के उच्च स्तर तक जा पहुंची। शुरुआती कारोबार में इसमें करीब 2 प्रतिशत की तेजी दर्ज की गई।

भारतीय बाजार में भी तेजी के संकेत

अंतरराष्ट्रीय रुझानों का असर भारतीय सर्राफा बाजार पर साफ दिख रहा है। दिल्ली, मुंबई समेत बड़े शहरों में फिजिकल गोल्ड और सिल्वर के दामों में मजबूती बनी हुई है। रिटेल बाजार के ताजा संकेतों के मुताबिक, 10 ग्राम सोने की कीमत 1,73,000 रुपये के पार पहुंच चुकी है। वहीं एक किलोग्राम चांदी का भाव लगभग 2,94,000 रुपये के आसपास कारोबार कर रहा है।

आगे की दिशा क्या होगी?

बाजार विशेषज्ञों का मानना है कि जब तक भू-राजनीतिक स्थिति स्पष्ट नहीं होती, तब तक कीमती धातुओं में अस्थिरता बनी रह सकती है। यदि तनाव और बढ़ता है, तो कीमतें नई ऊंचाइयों को छू सकती हैं। वहीं, यदि कूटनीतिक समाधान निकलता है, तो मुनाफावसूली के चलते कुछ गिरावट भी संभव है। फिलहाल, सोना और चांदी निवेशकों के लिए सुरक्षा कवच की तरह उभर रहे हैं। आने वाले दिनों में वैश्विक घटनाक्रम ही तय करेगा कि यह तेजी कितनी टिकाऊ साबित होती है।

बुध, शुक्र, सूर्य, राहु और मंगल एक साथ: इन 5 राशियों के लिए खुशखबरी

राशिफल। कुंभ राशि में इस समय एक दुर्लभ और प्रभावशाली पंचग्रही युति बन रही है। बुध, शुक्र, सूर्य, राहु और मंगल एक साथ कुंभ राशि में संचरण कर रहे हैं। ज्योतिष शास्त्र में जब पांच प्रमुख ग्रह एक ही राशि में एकत्र होते हैं, तो उसे पंचग्रही योग कहा जाता है। यह योग ऊर्जा, परिवर्तन और नए अवसरों का संकेत देता है।

1. मेष राशि

मेष राशि के जातकों के लिए यह योग करियर और आय के क्षेत्र में उन्नति के संकेत दे रहा है। रुके हुए कार्यों में गति आएगी। नई नौकरी या प्रमोशन की संभावना बन सकती है। सामाजिक दायरा बढ़ेगा और प्रभावशाली लोगों से संपर्क लाभकारी रहेगा।

2. मिथुन राशि

मिथुन राशि वालों के लिए यह समय भाग्य वृद्धि का है। उच्च शिक्षा, विदेश यात्रा या नई योजनाओं में सफलता मिल सकती है। बुध की उपस्थिति से बौद्धिक क्षमता बढ़ेगी और निर्णय लेने में स्पष्टता आएगी।

3. सिंह राशि

सिंह राशि के लिए यह युति साझेदारी और वैवाहिक जीवन में सकारात्मक बदलाव ला सकती है। व्यापारिक समझौते फायदेमंद रहेंगे। सूर्य की मजबूत स्थिति आत्मविश्वास को बढ़ाएगी और नेतृत्व क्षमता में निखार आएगा।

4. तुला राशि

तुला राशि के जातकों को प्रेम और रचनात्मक कार्यों में सफलता मिल सकती है। शुक्र के प्रभाव से आकर्षण और लोकप्रियता बढ़ेगी। संतान पक्ष से शुभ समाचार मिलने की संभावना है।

5. धनु राशि

धनु राशि के लिए यह योग साहस और पराक्रम को बढ़ाने वाला है। नई योजनाओं की शुरुआत के लिए समय अनुकूल रहेगा। छोटे भाई-बहनों से सहयोग मिलेगा और आर्थिक स्थिति में सुधार होगा।

ईरान संकट से तेल बाजार में भूचाल, कच्चे तेल की कीमतों में तेज उछाल

नई दिल्ली। ईरान में बढ़ते सैन्य तनाव का सीधा असर वैश्विक ऊर्जा बाजार पर दिखाई देने लगा है। ईरान और इजरायल के बीच संघर्ष गहराने तथा खाड़ी क्षेत्र में टैंकरों पर हमलों की खबरों के बाद कच्चे तेल की कीमतों में अचानक तेज उछाल आया है। निवेशकों और ट्रेडर्स के बीच सप्लाई बाधित होने की आशंका ने बाजार में अस्थिरता बढ़ा दी है।

ब्रेंट क्रूड में तेज उछाल

संघर्ष की ताजा घटनाओं के बाद अंतरराष्ट्रीय बेंचमार्क ब्रेंट क्रूड की कीमत शुरुआती कारोबार में तेजी से ऊपर गई और 82 डॉलर प्रति बैरल के पार पहुंच गई, जो पिछले कई महीनों का उच्च स्तर माना जा रहा है। बाद में कीमतों में कुछ नरमी आई, लेकिन बाजार में उतार-चढ़ाव जारी है। विश्लेषकों का कहना है कि यदि तनाव कम नहीं हुआ तो कीमतें और ऊपर जा सकती हैं।

टैंकरों पर हमले और सप्लाई संकट

रिपोर्ट्स के अनुसार खाड़ी क्षेत्र में मिसाइल हमलों से कम से कम तीन तेल टैंकरों को नुकसान पहुंचा है। इससे समुद्री मार्गों की सुरक्षा पर सवाल खड़े हो गए हैं। ऊर्जा विशेषज्ञों का मानना है कि यदि जहाजों की आवाजाही प्रभावित होती है तो वैश्विक तेल आपूर्ति पर गंभीर असर पड़ सकता है। ईरान द्वारा होर्मुज जलडमरूमध्य में गतिविधियों को सीमित करने के संकेतों ने चिंता और बढ़ा दी है।

वैश्विक राजनीति और बाजार की प्रतिक्रिया

अमेरिका और इजरायल की सैन्य कार्रवाई तथा ईरान की संभावित जवाबी रणनीति ने भू-राजनीतिक जोखिम को बढ़ा दिया है। इस पूरे घटनाक्रम पर वैश्विक निवेशकों की नजर टिकी है। यदि संघर्ष लंबा खिंचता है, तो ऊर्जा कीमतों में और तेजी आ सकती है, जिसका असर महंगाई और वैश्विक आर्थिक वृद्धि पर पड़ेगा।

विशेषज्ञों का अनुमान है कि मौजूदा हालात बने रहने पर ब्रेंट की कीमत 90 डॉलर प्रति बैरल तक जा सकती है। हालांकि, दूसरी ओर OPEC+ देशों ने उत्पादन बढ़ाने का संकेत दिया है, जिससे बाजार को कुछ राहत मिल सकती है। यदि अतिरिक्त आपूर्ति समय पर बाजार में आती है, तो कीमतों को स्थिर करने में मदद मिल सकती है।

भारत जैसे आयातक देशों पर क्या होगा असर?

भारत अपनी जरूरत का अधिकांश कच्चा तेल आयात करता है। ऐसे में अंतरराष्ट्रीय बाजार में कीमतों में बढ़ोतरी का सीधा असर पेट्रोल-डीजल की कीमतों और महंगाई पर पड़ सकता है। परिवहन लागत बढ़ने से खाद्य और अन्य आवश्यक वस्तुओं की कीमतों में भी दबाव देखने को मिल सकता है।

CM योगी की बड़ी घोषणा: यूपी में स्कूल-कॉलेज 3 दिन बंद

लखनऊ। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने होली के अवसर पर राज्यवासियों को बड़ा तोहफा दिया है। सीएम योगी ने इस साल होली के मौके पर राज्य में तीन दिन का आधिकारिक अवकाश घोषित किया है। यह अवकाश 2, 3 और 4 मार्च को रहेगा।

स्कूल-कॉलेजों में क्या स्थिति रहेगी?

सरकार के आधिकारिक कैलेंडर के अनुसार, इन तीन दिनों के लिए सभी सरकारी और निजी स्कूलों, कॉलेजों और विश्वविद्यालयों में छुट्टी रहेगी। 1 मार्च रविवार होने के कारण बच्चों और छात्रों को लगातार चार दिन की छुट्टी का लाभ मिलने की संभावना है। इससे परिवार और छात्रों के लिए होली मनाने का अवसर और भी बढ़ जाएगा।

क्यों जरूरी है यह अवकाश?

होली उत्तर प्रदेश में बड़े उत्साह और परंपराओं के साथ मनाई जाती है। इस दौरान लोग अपने घरों और पड़ोस में रंगों और मिठाइयों के साथ त्योहार का आनंद उठाते हैं। सीएम योगी का यह आदेश न केवल त्योहार की तैयारी को आसान बनाता है, बल्कि सुरक्षा और प्रशासनिक व्यवस्था को भी सुचारू बनाए रखता है।

छात्रों और परिवारों के लिए खुशखबरी

उत्तर प्रदेश सरकार की यह पहल छात्रों, परिवारों और शिक्षण संस्थानों के लिए सुखद और आनंदमय होली सुनिश्चित करेगी। तीन दिन की छुट्टी के साथ लोग अपने प्रियजनों के साथ रंगों और मिठाइयों के त्योहार का भरपूर आनंद उठा सकेंगे। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का यह निर्णय न केवल छात्रों और परिवारों के लिए खुशखबरी है, बल्कि राज्य में सुरक्षित और व्यवस्थित होली मनाने की दिशा में एक बड़ा कदम भी माना जा रहा है।

आज होलिका दहन: इन 3 मंत्रों के जाप से बढ़ेगा भाग्य और समृद्धि

धर्म डेस्क। आज, 2 मार्च 2026 को पूरे देश में होलीका दहन का पर्व मनाया जा रहा है। इस वर्ष होलिका दहन का शुभ समय शाम 6:22 बजे से 8:53 बजे तक रहेगा। इस समय विशेष पूजा और मंत्र जाप करने से न सिर्फ नकारात्मक ऊर्जा दूर होती है, बल्कि आर्थिक और आध्यात्मिक उन्नति के भी मार्ग खुलते हैं।

होलिका दहन का महत्व

होलीका दहन बुराई पर अच्छाई की जीत का प्रतीक है। पौराणिक कथा के अनुसार, दुष्ट राक्षसी होलिका को अग्नि में जलाकर बुराई का नाश हुआ था। इस दिन लोग अपने घरों और आस-पास के स्थानों में अग्नि प्रज्वलित कर, फल, नारियल, काला तिल और अन्य सामग्रियों का दान करते हैं। माना जाता है कि इससे सुख-समृद्धि और शांति का आगमन होता है।

भाग्य खोलने वाले 3 मंत्र

विशेषज्ञ ज्योतिषियों के अनुसार, होलिका दहन के समय इन तीन मंत्रों का जाप करना अत्यंत शुभ होता है:

1 .भगवान विष्णु का मंत्र

"ॐ नमो भगवते वासुदेवाय"

इस मंत्र का जाप करने से आर्थिक समृद्धि, कार्यक्षेत्र में सफलता और आध्यात्मिक विकास में मदद मिलती है।

2 .माता लक्ष्मी का मंत्र

"ॐ ह्रीं श्रीं क्रीं महालक्ष्म्यै नमः"

यह मंत्र विशेष रूप से धन, वैभव और समृद्धि के लिए उपयोगी माना जाता है। इस मंत्र का नियमित जाप घर में सुख-शांति और वित्तीय सुरक्षा लाता है।

3 .शिवजी का मंत्र

"ॐ नमः शिवाय"

यह मंत्र नकारात्मक ऊर्जा को दूर करने, मानसिक शांति पाने और जीवन में संतुलन बनाए रखने के लिए शक्तिशाली है।

पूजा विधि और उपाय

होलिका दहन के समय नारियल और काला तिल अग्नि में अर्पित करने से सुख-समृद्धि आती है। मंत्र जाप करते समय साफ-सुथरे स्थान पर बैठें और मन को पूरी तरह शांत रखें। तीनों मंत्रों का सात बार जाप करना लाभकारी माना जाता है। संभव हो तो इस समय दान और भिक्षाटन भी करें, जिससे पुण्य और सकारात्मक ऊर्जा बढ़ती है।

लिवर को रखें मजबूत? शराब पीने वाले ध्यान रखें 5 बातें

हेल्थ डेस्क। शराब पीने की आदत कई लोगों के लिए मनोरंजन का साधन हो सकती है, लेकिन लंबे समय तक इसकी मात्रा अधिक होने पर लीवर यानी यकृत पर गंभीर असर पड़ सकता है। लिवर हमारे शरीर का सबसे महत्वपूर्ण अंग है, जो भोजन से पोषक तत्वों को अवशोषित करने, विषैले तत्वों को बाहर निकालने और ऊर्जा बनाने का काम करता है। अगर लिवर कमजोर हो जाए तो इसका असर पूरे शरीर पर पड़ता है।

1. शराब की मात्रा नियंत्रित करें

शराब का अधिक सेवन लिवर को नुकसान पहुंचा सकता है। विशेषज्ञों के अनुसार पुरुषों के लिए रोजाना 2 ड्रिंक्स से अधिक और महिलाओं के लिए 1 ड्रिंक से अधिक न लेना चाहिए। सप्ताह में 2–3 दिन शराब से पूरी तरह विराम देना भी लीवर को आराम देने में मदद करता है।

2. हेल्दी डाइट अपनाएं

लीवर को मजबूत रखने के लिए पोषण बहुत जरूरी है। हरी सब्जियां, फल, साबुत अनाज और प्रोटीन युक्त भोजन को डाइट में शामिल करें। अत्यधिक तला-भुना, फैटी और प्रोसेस्ड फूड से दूरी बनाएं। यह लिवर पर अतिरिक्त दबाव नहीं डालता और उसे सही तरीके से काम करने में मदद करता है।

3. हाइड्रेशन और पानी का सेवन बढ़ाएं

शरीर में पानी की कमी भी लिवर के लिए हानिकारक हो सकती है। शराब पीने के बाद शरीर में डिहाइड्रेशन बढ़ जाता है, जिससे लिवर को विषैले तत्व बाहर निकालने में ज्यादा मेहनत करनी पड़ती है। दिनभर पर्याप्त पानी पीना लीवर की कार्यक्षमता बढ़ाता है।

4. नियमित व्यायाम और वजन नियंत्रण

अत्यधिक वजन और मोटापा लिवर के लिए खतरा है। नियमित व्यायाम, योग या तेज़ चाल से चलना लिवर की चर्बी को कम करता है और फैटी लिवर जैसी समस्याओं से बचाता है। सप्ताह में कम से कम 150 मिनट की हल्की या मध्यम शारीरिक गतिविधि लीवर के स्वास्थ्य के लिए लाभकारी है।

5. समय-समय पर स्वास्थ्य जांच कराएं

शराब पीने वाले लोगों को हर 6–12 महीने में लिवर फंक्शन टेस्ट (LFT) करवाना चाहिए। यह जांच लिवर के एंजाइम और कार्यक्षमता के बारे में जानकारी देती है। समय पर पता चलने पर लीवर की समस्या को बढ़ने से रोका जा सकता है।

8वें वेतन आयोग: केंद्रीय कर्मचारियों को मिलेंगे 5 प्रमोशन?

नई दिल्ली। केंद्रीय कर्मचारियों और पेंशनर्स के लिए बड़ी खबर सामने आई है। आठवें वेतन आयोग के संदर्भ में कर्मचारियों के करियर ग्रोथ और पेंशन सुधार पर जोर दिया जा रहा है। हाल ही में नई दिल्ली में हुई नेशनल काउंसिल (स्टाफ साइड) जॉइंट कंसल्टेटिव मशीनरी (NC-JCM) की बैठक में इस दिशा में कई महत्वपूर्ण मुद्दों पर चर्चा हुई।

हर केंद्रीय कर्मचारी को 5 प्रमोशन का दावा

बैठक में डिफेंस, रेलवे, पोस्टल और अन्य विभागों के कर्मचारी संगठनों ने साफ किया कि वेतन आयोग में अब कर्मचारियों के करियर ग्रोथ पर विशेष ध्यान दिया जाना चाहिए। सभी संगठनों ने मांग रखी कि हर केंद्रीय कर्मचारी को सेवा काल में कम से कम 5 प्रमोशन मिले। इससे जूनियर स्तर पर लंबे समय तक फंसे रहने की समस्या खत्म होगी और कर्मचारियों का मनोबल भी बढ़ेगा।

बेसिक सैलरी और वेतन सुधार पर चर्चा

ऑल इंडिया डिफेंस एम्प्लॉइज फेडरेशन के महासचिव सी. श्रीकुमार ने बताया कि बैठक में न्यूनतम बेसिक पे, प्रमोशन पॉलिसी और सालाना वेतन वृद्धि पर सहमति बनाने की कोशिश की गई। आने वाले 10-15 दिनों में सभी संगठन अपनी मांगें भेजेंगे, जिनके आधार पर एक साझा ज्ञापन तैयार किया जाएगा। यह ज्ञापन आठवें वेतन आयोग की अध्यक्ष जस्टिस रंजना प्रकाश देसाई को सौंपा जाएगा।

फैमिली यूनिट और वेतन असमानता

कर्मचारी संगठनों ने फैमिली यूनिट बढ़ाने का मुद्दा भी उठाया। वर्तमान में वेतन तय करते समय परिवार की तीन इकाइयां मानी जाती हैं, लेकिन अब कर्मचारियों ने इसे बढ़ाकर 5 इकाइयां करने की मांग की है, ताकि माता-पिता और अन्य आश्रित शामिल किए जा सकें। साथ ही वेतन असमानता पर भी ध्यान देने की बात कही गई। अभी अधिकतम बेसिक पे, न्यूनतम वेतन का 13 गुना है। संगठनों ने इसे घटाकर 10 गुना करने का प्रस्ताव रखा है, ताकि अंतर कम किया जा सके।

पेंशन सुधार और CGHS लाभ

पेंशन को लेकर भी कर्मचारियों ने स्पष्ट रुख दिखाया। नेशनल पेंशन सिस्टम (NPS) और यूनिफाइड पेंशन स्कीम (UPS) को बंद कर ओल्ड पेंशन स्कीम (OPS) को बहाल करने की मांग की गई। इसके अलावा, CGHS सुविधा न होने वाले शहरों में कर्मचारियों और पेंशनर्स को वर्तमान में 1,000 रुपये मासिक भत्ता मिलता है, इसे बढ़ाकर 20,000 रुपये करने की मांग भी उठाई गई।

अगले कदम और कर्मचारी उत्साह

अठवें वेतन आयोग की सिफारिशें देश के 50 लाख से अधिक केंद्रीय कर्मचारियों और 69 लाख से ज्यादा पेंशनर्स पर प्रभाव डालेंगी। कर्मचारियों और पेंशनर्स के बीच इसका बेसब्री से इंतजार है। अब सभी की नजर 10 मार्च के बाद होने वाली बैठक पर है, जहां 5 प्रमोशन और पेंशन सुधार के अंतिम दिशा-निर्देश स्पष्ट हो सकते हैं। आठवें वेतन आयोग से कर्मचारी करियर ग्रोथ, वेतन सुधार और पेंशन लाभ में नए बदलाव की उम्मीद जगी है, जो केंद्रीय कर्मचारियों के लिए बड़े आर्थिक और सामाजिक लाभ लेकर आएगा।

आज 4 ग्रहों का महायोग: इन 4 राशियों की बढ़ेगी खुशियां और समृद्धि

राशिफल। आज का दिन ग्रहों की स्थिति के लिहाज से खास माना जा रहा है। चार प्रमुख ग्रहों के अनुकूल संयोग से कुछ राशियों की जीवनशैली, आर्थिक स्थिति और व्यक्तिगत संबंधों में सकारात्मक बदलाव देखने को मिल सकता है। ज्योतिषाचार्य के अनुसार, यह समय नई योजनाओं, निवेश और पारिवारिक खुशियों के लिए अनुकूल रहेगा।

कौन-सी हैं खुशियों की राशियां

वृषभ राशि

वृषभ राशि के जातकों के लिए आज का दिन खास रहेगा। व्यवसाय और नौकरी में अच्छी खबरें मिल सकती हैं। पुराने लेन-देन में निपटारा होगा और आर्थिक स्थिति मजबूत होगी। परिवार में सहयोग और समझदारी बढ़ेगी, जिससे रिश्तों में मिठास आएगी।

कर्क राशि

कर्क राशि के लिए आज निवेश और संपत्ति संबंधित निर्णय लाभकारी साबित होंगे। मनोबल ऊँचा रहेगा और स्वास्थ्य भी अच्छा रहेगा। साथी या परिवार के साथ समय बिताने का अवसर मिलेगा, जिससे संबंधों में मजबूती आएगी।

सिंह राशि

सिंह राशि के जातकों को आज करियर और सामाजिक प्रतिष्ठा में लाभ मिलने की संभावना है। नई जिम्मेदारियां मिल सकती हैं और पुराने प्रयासों का फल मिलेगा। ध्यान रहे, आत्मविश्वास का संतुलन बनाए रखना जरूरी है।

कुंभ राशि

कुंभ राशि के लोगों के लिए यह समय शिक्षा और नई योजनाओं में सफलता देने वाला है। वित्तीय मामलों में सोच-समझकर कदम उठाना लाभदायक रहेगा। परिवार में खुशियों का माहौल रहेगा और सामाजिक सम्मान बढ़ेगा।

महायोग के सकारात्मक असर

आज कुंभ राशि में सूर्य, मंगल, बुध और राहु एक साथ मौजूद हैं, जो एक दुर्लभ 'चतुर्ग्रही योग' का निर्माण कर रहे हैं। यह योग सामाजिक प्रभाव बढ़ाने और करियर में बड़े बदलावों के लिए महत्वपूर्ण माना जाता है।