दुनिया में 8 देशों के पास घातक 'लेजर हथियार'

नई दिल्ली: दुनिया के कुछ देशों के पास लेजर हथियार हैं तो वहीं कुछ देश लेजर हथियार तैयार कर रहे हैं। ताजा रिपोर्ट के मुताबिक ये हथियार एक उन्नत तकनीकी प्रणाली है, जो लक्ष्य को सटीक रूप से नष्ट करने के लिए उच्च-ऊर्जा लेजर बीम का उपयोग करती हैं।

दुनिया में 8 देशों के पास घातक 'लेजर हथियार' 

1. संयुक्त राज्य अमेरिका (USA): संयुक्त राज्य अमेरिका के पास लेजर हथियारों का सबसे विकसित और प्रभावशाली कार्यक्रम है। अमेरिकी रक्षा विभाग ने कई लेजर सिस्टम विकसित किए हैं, जैसे: ATHENA, HELMD अदि।

2. रूस (Russia): रूस भी लेजर हथियारों के विकास में सक्रिय है। उनका "Peresvet" सिस्टम, जिसे 2018 में सार्वजनिक किया गया था, एक लेजर हथियार है जिसे मिसाइल रक्षा के लिए इस्तेमाल करने का दावा किया गया है।

3. चीन (China): चीन लेजर हथियारों के क्षेत्र में भी अग्रणी है। चीन ने अपनी सेना के लिए कई लेजर हथियार प्रणालियाँ विकसित की हैं।

4. इज़राइल (Israel): इज़राइल ने "Iron Beam" नामक लेजर हथियार प्रणाली का विकास किया है, जो कम दूरी की मिसाइलों, रॉकेटों, और अन्य वायु खतरों को नष्ट करने के लिए सक्षम है।

5. भारत (India): भारत ने भी लेजर हथियारों के क्षेत्र में कुछ प्रगति की है। रक्षा अनुसंधान संगठन (DRDO) लेजर-आधारित हथियार प्रणालियों पर शोध कर रहे हैं।

6. जर्मनी (Germany): जर्मनी भी लेजर हथियारों के क्षेत्र में अनुसंधान कर रहा है। उनकी "HEL" (High Energy Laser) प्रणाली का उद्देश्य मिसाइल रक्षा और विमान-विरोधी प्रणालियाँ विकसित करना है।

7. यूके (United Kingdom): यूके ने भी लेजर हथियारों पर शोध किया है। Dragonfire एक लेजर सिस्टम है जो रॉकेट्स और अन्य छोटे खतरों को नष्ट करने के लिए विकसित किया गया है।

8. फ्रांस (France): फ्रांस ने भी लेजर हथियार प्रणालियों पर काम किया है, जैसे कि "HELMA-P" जो हवाई खतरों को नष्ट करने के लिए तैयार किया गया है।

0 comments:

Post a Comment