यूपी में किसानों भाईयों के लिए 1 बड़ी खबर, तुरंत पढ़ें!

वाराणसी: यूपी में खेती करने वाले किसानों के लिए एक बड़ी खबर आ रही हैं। कृषि विभाग ने इस साल भी किसानों को सरसों, चना, मटर और गेहूं की फसलों का उच्च गुणवत्ता वाला बीज अनुदान दर पर उपलब्ध कराने की घोषणा की है। विभाग का लक्ष्य है कि हर किसान समय पर बीज प्राप्त कर बुवाई पूरी करे, ताकि बेहतर उत्पादन हासिल किया जा सके।

कहां से मिलेगा बीज?

जिला कृषि अधिकारी संगम सिंह ने बताया कि इस वर्ष जनपद के सभी 8 राजकीय कृषि बीज गोदामों के साथ-साथ तीन अन्य संस्थागत केंद्रों से भी बीज वितरण किया जा रहा है। ये अतिरिक्त केंद्र हैं, उत्तर प्रदेश बीज विकास निगम, चांदपुर चौराहा (कलेक्ट्री फार्म), राष्ट्रीय बीज निगम, रामनगर (इंडस्ट्रियल एरिया), राष्ट्रीय बीज निगम, कैलगढ़ मार्केट, जगतगंज (साहू ब्रदर्स के पास), किसानों से अपील की गई है कि वे अपने निकटतम गोदाम या केंद्र से अनुदानित बीज जल्द से जल्द प्राप्त करें और समय पर बुवाई सुनिश्चित करें।

समय पर बुवाई क्यों जरूरी?

कृषि अधिकारी ने स्पष्ट किया कि सरसों, चना और मटर की बुवाई के लिए अभी का समय सबसे उपयुक्त है। अगर किसान देरी करते हैं, तो फसल पर कीट, रोग और पाले का खतरा बढ़ जाता है, जिससे पैदावार में भारी कमी आ सकती है। इसी तरह गेहूं की बुवाई में भी देरी नुकसानदायक साबित हो सकती है। किसानों को सलाह दी गई है कि वे 15 नवंबर तक गेहूं की बुवाई पूरी कर लें। तापमान बढ़ने के बाद देर से बोए गए गेहूं में दाने पतले रह जाते हैं, जिससे उत्पादन घटता है।

उर्वरक की उपलब्धता और सुझाव

वहीं, सरसों की खेती करने वाले किसानों को सलाह दी गई है कि वे उर्वरक के रूप में एनपीएस (NPS) खाद का प्रयोग करें। इस उर्वरक में नाइट्रोजन, फास्फोरस और सल्फर तीनों पोषक तत्व मौजूद रहते हैं, जो फसल की उपज और तेल की मात्रा दोनों को बढ़ाते हैं।

कृषि विभाग ने बताया है कि एनपीएस, यूरिया और डीएपी जैसी खादें जिले की सभी सहकारी समितियों और निजी विक्रेताओं के पास पर्याप्त मात्रा में उपलब्ध हैं। किसान भाई पास मशीन में अंगूठा लगाकर अपनी सुविधा अनुसार किसी भी केंद्र से उर्वरक प्राप्त कर सकते हैं।

0 comments:

Post a Comment