बाल शिक्षा भत्ते में 562.50 रुपये का इजाफा
संशोधित व्यवस्था के तहत बाल शिक्षा भत्ता अब 2,250 रुपये से बढ़कर 2,812.50 रुपये प्रति माह प्रति बच्चा हो गया है। यानी पहले की तुलना में कर्मचारियों को हर बच्चे पर 562.50 रुपये अतिरिक्त मिलेंगे। सालाना हिसाब से देखें तो यह बढ़ोतरी 6,750 रुपये तक बैठती है।
खास बात यह है कि निर्धारित दर के आधार पर भुगतान होने से कर्मचारियों को क्लेम के दौरान वास्तविक खर्च से जुड़े भारी-भरकम बिलों की परेशानी कम होगी। इससे बच्चों की शिक्षा पर होने वाले खर्च को पूरा करने में कर्मचारियों को अतिरिक्त आर्थिक मदद मिलेगी।
हॉस्टल में पढ़ने वाले बच्चों के लिए भी राहत
जिन कर्मचारियों के बच्चे घर से दूर हॉस्टल में रहकर पढ़ाई करते हैं, उनके लिए भी सरकार ने राहत बढ़ाई है। हॉस्टल सब्सिडी की राशि 6,750 रुपये से बढ़ाकर 8,437.50 रुपये प्रति माह कर दी गई है। हालांकि, भुगतान वास्तविक खर्च या निर्धारित सीमा में से जो कम होगा, उसके आधार पर किया जाएगा।
इस बदलाव से कर्मचारियों को अधिकतम 1,687.50 रुपये प्रति माह, यानी सालाना 20,250 रुपये तक अतिरिक्त लाभ मिल सकता है।
दोनों सुविधाओं का लाभ लेने पर कितना फायदा?
यदि किसी कर्मचारी का बच्चा पात्रता के अनुसार बाल शिक्षा भत्ता और हॉस्टल सब्सिडी दोनों का लाभ लेता है, तो दोनों मदों में हुई बढ़ोतरी को मिलाकर 2,250 रुपये प्रति माह अतिरिक्त फायदा हो सकता है। सालाना आधार पर यह राशि 27,000 रुपये प्रति बच्चा तक पहुंचती है।

0 comments:
Post a Comment