आयोग इन मुलाकातों में वेतन, भत्ते और पेंशन से जुड़े मुद्दों पर सुझाव और मांगें सुनेगा। इसका उद्देश्य विभिन्न कर्मचारी वर्गों की वास्तविक समस्याओं और अपेक्षाओं को समझना है, ताकि इन्हें आयोग की सिफारिशों में शामिल करने पर विचार किया जा सके।
सितंबर में तीन शहरों का दौरा
आयोग के कार्यक्रम के मुताबिक सितंबर में चेन्नई, पुडुचेरी और चंडीगढ़ में बैठकें प्रस्तावित हैं। चेन्नई में 7 और 8 सितंबर को बैठक होगी, जबकि 9 सितंबर को पुडुचेरी में चर्चा की जाएगी। इसके बाद 16 से 18 सितंबर के बीच चंडीगढ़ में बैठकें आयोजित होंगी।
अक्टूबर में बेंगलुरु पहुंचेगा आयोग
अक्टूबर में आयोग का कार्यक्रम बेंगलुरु में रहेगा। यहां 7 और 8 अक्टूबर को संबंधित पक्षों के साथ बैठकें होंगी। इन दौरों के जरिए आयोग अलग-अलग क्षेत्रों के कर्मचारियों और संगठनों से सीधे सुझाव जुटा रहा है।
मुंबई में रेलवे कर्मचारियों से भी बातचीत
मुंबई को लेकर भी आयोग की योजना है। यहां सेंट्रल रेलवे के कर्मचारियों और अधिकारियों से बातचीत के साथ उनके कामकाज से जुड़ी परिस्थितियों को समझने की तैयारी है। हालांकि मुंबई दौरे की तारीख अभी तय नहीं हुई है।
2027 तक आ सकती है इसका पूरा रिपोर्ट
8वें केंद्रीय वेतन आयोग से केंद्रीय कर्मचारियों को वेतन और भत्तों में बदलाव की काफी उम्मीदें हैं। आयोग को अपनी रिपोर्ट तैयार करने के लिए 18 महीने का समय दिया गया है। ऐसे में इसकी अंतिम रिपोर्ट 2027 के मध्य तक सरकार को सौंपे जाने की संभावना है। रिपोर्ट मिलने के बाद सरकार आयोग की सिफारिशों का अध्ययन करेगी और उनके आधार पर आगे फैसला लिया जाएगा। फिलहाल कर्मचारियों की नजर आयोग की बैठकों और इनमें सामने आने वाले सुझावों पर बनी हुई है।

0 comments:
Post a Comment