आपूर्ति बढ़ाने के लिए नियमों में अस्थायी ढील
Ministry of Petroleum and Natural Gas ने घोषणा की है कि विशेष परिस्थितियों को देखते हुए पेट्रोलियम सुरक्षा और लाइसेंसिंग नियमों में अस्थायी ढील दी जाएगी। इस फैसले का मकसद यह सुनिश्चित करना है कि देश के विभिन्न हिस्सों में ईंधन की कमी न हो और लोगों को खाना पकाने के लिए जरूरी संसाधन आसानी से मिल सकें।
21 राज्यों में लागू होगी नई व्यवस्था
सरकार के इस निर्णय के तहत 21 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में केरोसिन की अतिरिक्त आपूर्ति की जाएगी। खास तौर पर उन क्षेत्रों पर ध्यान दिया गया है जहां अब भी बड़ी संख्या में परिवार खाना पकाने के लिए केरोसिन पर निर्भर हैं।
पेट्रोल पंप से भी मिलेगा केरोसिन
नई व्यवस्था के तहत सार्वजनिक क्षेत्र की तेल कंपनियों को 60 दिनों के लिए पेट्रोल पंप जैसे खुदरा माध्यमों के जरिए केरोसिन बेचने की अनुमति दी गई है। इससे उपभोक्ताओं को लंबी प्रक्रिया से गुजरने की जरूरत नहीं होगी और ईंधन आसानी से उपलब्ध हो सकेगा।
स्टॉक रखने की सीमा तय
सरकार ने तेल कंपनियों को यह भी अनुमति दी है कि वे खुदरा आउटलेट पर प्रत्येक वितरण इकाई के लिए अधिकतम 2,500 लीटर तक केरोसिन का भंडारण कर सकें। इससे अचानक बढ़ी मांग की स्थिति में तुरंत आपूर्ति सुनिश्चित की जा सकेगी।
कानून के तहत अधिकार
यह फैसला Petroleum Act 1934 और संबंधित नियमों के तहत लिया गया है। सरकार के पास यह अधिकार है कि वह आपात या विशेष परिस्थितियों में पेट्रोलियम उत्पादों को कुछ नियमों से छूट दे सके, ताकि आपूर्ति व्यवस्था बाधित न हो।
हालांकि सरकार ने नियमों में ढील दी है, लेकिन इसके साथ कुछ शर्तें भी तय की गई हैं। सभी संबंधित एजेंसियों और कंपनियों को सुरक्षा और संचालन से जुड़े अन्य नियमों का कड़ाई से पालन करना होगा। इसको लेकर निर्देश दिए गए हैं।

0 comments:
Post a Comment