8वें वेतन आयोग पर बड़ा अपडेट, इस राज्य में होगा लागू

नई दिल्ली। केंद्रीय और राज्य कर्मचारियों की सैलरी बढ़ोतरी को लेकर लंबे समय से चल रही चर्चाओं के बीच एक बड़ी खबर सामने आई है। असम सरकार ने आठवें राज्य वेतन आयोग के गठन की घोषणा कर दी है, जिससे असम यह कदम उठाने वाला देश का पहला राज्य बन गया है। इस फैसले के बाद सरकारी कर्मचारियों और पेंशनभोगियों में नई उम्मीद जगी है।

गौरतलब है कि सातवें वेतन आयोग का कार्यकाल 31 दिसंबर 2025 को समाप्त हो चुका है। इसके बाद से ही आठवें वेतन आयोग को लेकर चर्चाएं तेज हो गई थीं। ऐसे में असम सरकार का यह फैसला समय के लिहाज से भी बेहद अहम माना जा रहा है।

असम सरकार का ऐतिहासिक फैसला

गुवाहाटी में आयोजित एक कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री हिमंता बिस्वा सरमा ने आठवें राज्य वेतन आयोग के गठन का औपचारिक एलान किया। उन्होंने बताया कि केंद्र सरकार भले ही आठवें केंद्रीय वेतन आयोग के लिए टर्म्स ऑफ रेफरेंस (ToR) जारी कर चुकी है, लेकिन अब तक किसी भी राज्य ने अपना वेतन आयोग गठित नहीं किया था। ऐसे में असम ने पहल करते हुए यह अहम निर्णय लिया है। मुख्यमंत्री ने जानकारी दी कि पूर्व मुख्य सचिव शुभस दास की अध्यक्षता में इस आयोग का गठन किया गया है। उन्होंने इसे कर्मचारियों के हित में उठाया गया एक दूरदर्शी और प्रगतिशील कदम बताया।

कर्मचारियों के कल्याण पर फोकस

सीएम हिमंता बिस्वा सरमा ने कहा कि राज्य सरकार कर्मचारियों की भूमिका को शासन व्यवस्था की रीढ़ मानती है। वेतन आयोग का गठन इसी सोच को दर्शाता है, ताकि बदलती आर्थिक परिस्थितियों के अनुरूप कर्मचारियों को बेहतर वेतन और सुविधाएं मिल सकें।

कब लागू हो सकता है 8वां वेतन आयोग?

हालांकि, वेतन बढ़ोतरी को लेकर तत्काल उम्मीदें रखना फिलहाल जल्दबाजी हो सकती है। विशेषज्ञों का मानना है कि किसी भी वेतन आयोग को अपनी सिफारिशें तैयार करने में औसतन 18 महीने का समय लगता है। बैंक ऑफ बड़ौदा के मुख्य अर्थशास्त्री मदन सबनवीस के अनुसार, आठवें वेतन आयोग का वास्तविक क्रियान्वयन वित्त वर्ष 2027-28 या 2028-29 तक हो सकता है।

0 comments:

Post a Comment