योजना के लिए 400 करोड़ रुपये का बजट
बुधवार को इस योजना को लेकर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के सामने विस्तृत प्रस्तुतीकरण किया गया। जानकारी के मुताबिक, सरकार ने योजना के लिए करीब 400 करोड़ रुपये का बजट तय किया है। इसके तहत मेधावी छात्राओं को इलेक्ट्रिक स्कूटी उपलब्ध कराई जाएगी। हालांकि अभी योजना की पूरी नियमावली तैयार नहीं हुई है। सरकार यह तय कर रही है कि किन छात्राओं को इसका लाभ मिलेगा और चयन का आधार क्या होगा।
यूजी और पीजी को मिल सकता है लाभ
सरकार स्नातक (यूजी) और परास्नातक (पीजी) की छात्राओं को इस योजना में शामिल करने पर विचार कर रही है। माना जा रहा है कि मेरिट के आधार पर योग्य छात्राओं का चयन किया जाएगा। यह योजना खासतौर पर ग्रामीण और दूरदराज क्षेत्रों की छात्राओं के लिए मददगार साबित हो सकती है। कई छात्राएं परिवहन की सुविधा नहीं होने के कारण उच्च शिक्षा जारी नहीं रख पातीं। ऐसे में स्कूटी मिलने से उन्हें कॉलेज आने-जाने में आसानी होगी।
बेटियों को आत्मनिर्भर बनाने की पहल
सरकार का उद्देश्य केवल परिवहन सुविधा देना नहीं, बल्कि छात्राओं को आत्मनिर्भर बनाना भी है। ईवी स्कूटी मिलने से छात्राओं का समय बचेगा और वे बिना किसी परेशानी के अपनी पढ़ाई जारी रख सकेंगी। इसके अलावा इलेक्ट्रिक स्कूटी को बढ़ावा देकर सरकार पर्यावरण संरक्षण की दिशा में भी कदम बढ़ा रही है। इससे प्रदूषण कम करने और ईवी वाहनों के उपयोग को बढ़ाने में मदद मिलेगी।
मुख्यमंत्री ने दिए जरूरी निर्देश
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने योजना को अधिक पारदर्शी और प्रभावी बनाने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने अधिकारियों से कहा है कि नियमावली को स्पष्ट और सरल बनाया जाए, ताकि पात्र छात्राओं को आसानी से लाभ मिल सके। अधिकारियों को सुझावों के आधार पर योजना का अंतिम प्रारूप जल्द तैयार करने को कहा गया है। उम्मीद की जा रही है कि नियम तय होने के बाद सरकार जल्द ही योजना की औपचारिक घोषणा कर सकती है।
.png)
0 comments:
Post a Comment