इस बार तबादले के लिए खास परिस्थितियों वाले शिक्षकों को मौका दिया गया था। इसमें गंभीर बीमारी, दिव्यांगता और पति-पत्नी दोनों के एक ही विभाग में कार्यरत होने जैसी स्थितियों को प्राथमिकता दी गई।
20 जून तक मांगे गए थे आवेदन
अंतरजनपदीय तबादले के लिए आवेदन की अंतिम तारीख 20 जून तय की गई थी। तय समय तक बड़ी संख्या में शिक्षकों ने आवेदन जमा किए। शिक्षकों को निर्धारित प्रारूप में आवेदन भरकर अपने संबंधित बेसिक शिक्षा अधिकारी (बीएसए) के माध्यम से विभाग को भेजना था। आवेदन प्रक्रिया पूरी होने के बाद अब विभाग दस्तावेजों की जांच करेगा।
इस बार सेवा अवधि की शर्त नहीं थी
पिछली प्रक्रियाओं की तुलना में इस बार विशेष परिस्थितियों वाले शिक्षकों को राहत दी गई। आवेदन के लिए न्यूनतम सेवा अवधि की बाध्यता नहीं रखी गई थी। इस वजह से उन शिक्षकों ने भी आवेदन किया, जिन्हें व्यक्तिगत या पारिवारिक कारणों से दूसरे जिले में जाने की जरूरत थी।
कई जिलों से तबादले की मांग ज्यादा
शुरुआती जानकारी के अनुसार पूर्वांचल के कई जिलों से पश्चिमी उत्तर प्रदेश के जिलों में स्थानांतरण की मांग अधिक देखने को मिली है। बहराइच, सिद्धार्थनगर और कुशीनगर जैसे जिलों से बड़ी संख्या में शिक्षकों ने तबादले की इच्छा जताई है। हालांकि आवेदन की पूरी संख्या और श्रेणीवार आंकड़े विभाग द्वारा जांच के बाद स्पष्ट किए जाएंगे।
अब विभाग करेगा आवेदनों की जांच
आवेदन प्रक्रिया पूरी होने के बाद बेसिक शिक्षा विभाग अब सभी फॉर्म और दस्तावेजों की जांच करेगा। पात्र पाए जाने वाले शिक्षकों के आवेदनों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। विभाग की ओर से श्रेणीवार सूची तैयार की जाएगी, जिसके बाद स्थानांतरण प्रक्रिया को आगे बढ़ाया जाएगा।

0 comments:
Post a Comment