बताया जा रहा है कि रूसी Su-35S फाइटर जेट से दागी गई R-37M मिसाइल ने यूक्रेन के MiG-29 विमान को 190 किमी दूर से निशाना बनाया। इस घटना ने दिखाया कि भविष्य के युद्धों में दूर से हमला करने वाली मिसाइलें कितनी महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकती हैं।
R-37M मिसाइल क्यों है खास?
R-37M रूस की हवा से हवा में मार करने वाली लंबी दूरी की मिसाइलों में शामिल है। इसकी खासियत इसकी तेज रफ्तार और लंबी दूरी तक लक्ष्य को भेदने की क्षमता है। यह मिसाइल दुश्मन के लड़ाकू विमानों के अलावा उन बड़े हवाई प्लेटफॉर्म को भी निशाना बनाने में सक्षम मानी जाती है, जो किसी देश की हवाई निगरानी और रणनीति में अहम भूमिका निभाते हैं।
भारत के लिए क्यों महत्वपूर्ण है यह घटनाक्रम?
भारत अपनी वायुसेना को लगातार आधुनिक बनाने पर काम कर रहा है। ऐसे में रूस की लंबी दूरी की मिसाइल क्षमता भारत के लिए रणनीतिक रूप से महत्वपूर्ण मानी जा रही है। भारत के पास पहले से Su-30MKI जैसे शक्तिशाली लड़ाकू विमान मौजूद हैं। जिसमे इसतरह की मिसाइलें लगाई जा सकती हैं।
Su-30MKI के साथ बढ़ सकती है भारत की ताकत
भारतीय वायुसेना के पास बड़ी संख्या में Su-30MKI लड़ाकू विमान मौजूद हैं। रूसी तकनीक से बने होने के कारण इन विमानों में R-37M को लगाना काफी आसान होगा। भारत और रूस के बीच R-37M मिसाइल सौदे भी हो चुका है। रिपोर्ट के मुताबिक रूस भारत को लगभग 300 R-37M अल्ट्रा-लॉन्ग-रेंज एयर-टू-एयर मिसाइलें सप्लाई करेगा।

0 comments:
Post a Comment