कोलैटरल-फ्री लोन क्या है?
कोलैटरल-फ्री लोन, जिसे अनसिक्योर्ड लोन भी कहा जाता है, वह लोन है जिसमें व्यवसायी को अपने घर, कार या अन्य संपत्ति को गिरवी रखने की जरूरत नहीं होती। बैंक या वित्तीय संस्थान सीधे व्यवसाय की जरूरतों और उसके कैपेसिटी को देखकर यह लोन प्रदान करते हैं। इसका सबसे बड़ा फायदा यह है कि व्यवसाय को फंड जल्दी और आसानी से मिल जाता है, बिना अपनी निजी संपत्ति को जोखिम में डाले।
MSME क्या हैं?
MSME यानी माइक्रो, स्मॉल और मीडियम एंटरप्राइज।
माइक्रो एंटरप्राइज: निवेश ₹2.5 करोड़ तक, टर्नओवर ₹10 करोड़ तक
स्मॉल एंटरप्राइज: निवेश ₹25 करोड़ तक, टर्नओवर ₹100 करोड़ तक
मीडियम एंटरप्राइज: निवेश ₹125 करोड़ तक, टर्नओवर ₹500 करोड़ तक
ये वर्ग छोटे और मझोले व्यवसायियों को उनकी क्षमता के अनुसार फंडिंग और लोन का लाभ देने के लिए बनाए गए हैं।

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