शिक्षा मंत्री ने बताया कि फिलहाल सरकार की प्राथमिकता पठन-पाठन से जुड़े विषयों के शिक्षकों की कमी को दूर करना है। गणित, भौतिकी सहित कई प्रमुख विषयों में अब भी शिक्षकों के पद रिक्त हैं और योग्य शिक्षकों की उपलब्धता एक बड़ी चुनौती बनी हुई है। इसी कारण सरकार पहले इन विषयों की बहाली पर पूरा ध्यान केंद्रित कर रही है।
विषयवार कमी दूर करने पर फोकस
विधानपरिषद में पूछे गए एक सवाल के जवाब में शिक्षा मंत्री ने कहा कि सरकार विषयवार शिक्षकों की जरूरत का आकलन कर रही है। जहां-जहां शिक्षकों की कमी है, वहां चरणबद्ध तरीके से बहाली की जा रही है। जब पठन-पाठन वाले विषयों की आवश्यकता पूरी हो जाएगी, तब शारीरिक और संगीत शिक्षकों की भर्ती प्रक्रिया शुरू की जाएगी।
हर स्कूल में शारीरिक शिक्षक
सरकार की योजना के अनुसार, प्रत्येक स्कूल में विद्यार्थियों की संख्या के आधार पर शारीरिक शिक्षकों की नियुक्ति की जाएगी। प्रस्तावित व्यवस्था के तहत हर 500 विद्यार्थियों पर एक शारीरिक शिक्षक की तैनाती की जाएगी। इससे स्कूलों में खेलकूद, शारीरिक विकास और अनुशासन को बढ़ावा मिलेगा।
युवाओं के लिए नए अवसर
फिजिकल और म्यूजिक टीचर की बहाली से राज्य के उन युवाओं को लाभ मिलेगा, जो इन क्षेत्रों में प्रशिक्षित हैं और लंबे समय से अवसर की प्रतीक्षा कर रहे थे। यह कदम न केवल रोजगार सृजन की दिशा में अहम होगा, बल्कि स्कूल शिक्षा को भी अधिक संतुलित और समग्र बनाने में मदद करेगा।

0 comments:
Post a Comment