यूपी में फिर सक्रिय होगा मानसून, इन जिलों में भारी बारिश के आसार

लखनऊ। उत्तर प्रदेश में उमस और गर्मी से परेशान लोगों को जल्द राहत मिलने की उम्मीद है। मौसम में एक बार फिर बदलाव के संकेत मिल रहे हैं। बंगाल की खाड़ी में बने निम्न दबाव वाले क्षेत्र और मानसूनी ट्रफ के उत्तर प्रदेश की ओर बढ़ने से प्रदेश में बारिश का दौर तेज हो सकता है। मौसम विभाग के अनुसार, गुरुवार से खासकर पूर्वी उत्तर प्रदेश में मानसूनी गतिविधियां बढ़ेंगी और कई इलाकों में तेज बौछारों के साथ मध्यम से भारी बारिश हो सकती है।

पूर्वी यूपी के कई जिलों में गुरुवार को मौसम का मिजाज बदला हुआ नजर आएगा। गोरखपुर, देवरिया, कुशीनगर, सोनभद्र, संतकबीरनगर, आजमगढ़, बलिया, गाजीपुर, वाराणसी और प्रयागराज समेत आसपास के क्षेत्रों में बारिश के आसार हैं। कुछ स्थानों पर गरज-चमक के साथ तेज बौछारें पड़ सकती हैं। मौसम विभाग ने ऐसे इलाकों में बिजली गिरने की संभावना को देखते हुए लोगों को सावधानी बरतने की सलाह दी है।

मानसून की बढ़ेगी सक्रियता

मौसम वैज्ञानिकों के मुताबिक बंगाल की खाड़ी में बने सिस्टम का प्रभाव उत्तर प्रदेश के मौसम पर दिखाई देगा। इसके साथ ही मानसूनी ट्रफ के प्रदेश की ओर खिसकने से बारिश का दायरा बढ़ सकता है। पिछले कई दिनों से बारिश कम होने के कारण कई शहरों में तापमान और उमस बढ़ गई थी। अब बारिश होने पर अधिकतम तापमान में गिरावट आने की संभावना है।

लखनऊ में शुक्रवार को तेज बारिश के आसार

राजधानी लखनऊ में गुरुवार को आसमान में बादलों की आवाजाही बनी रह सकती है। हालांकि बीच-बीच में धूप भी निकलने की संभावना है। शुक्रवार को मौसम ज्यादा सक्रिय रहने का अनुमान है। सुबह हल्की से मध्यम बारिश के बाद शाम से रात के बीच तेज बारिश हो सकती है।

करीब 20 जिलों में सामान्य से ज्यादा रहा तापमान

पिछले दिनों बारिश की गतिविधियां कमजोर रहने के कारण राजधानी समेत प्रदेश के करीब 20 जिलों में दिन का तापमान सामान्य से ऊपर पहुंच गया था। लगातार बढ़ती उमस ने लोगों की परेशानी बढ़ा दी थी। अब बारिश का नया सिस्टम सक्रिय होने से मौसम में बदलाव की उम्मीद है।

मौसम विभाग ने लोगों से बारिश के दौरान खुले स्थानों और पेड़ों के नीचे खड़े होने से बचने की अपील की है। खासकर गरज-चमक और वज्रपात की स्थिति में अतिरिक्त सतर्कता बरतना जरूरी होगा। आने वाले दिनों में पूर्वी यूपी के साथ प्रदेश के अन्य हिस्सों में भी बारिश की गतिविधियां बढ़ सकती हैं।

0 comments:

Post a Comment