मंत्री ने स्पष्ट किया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता किसानों का सर्वांगीण विकास है। उन्होंने कहा कि नकली कृषि उत्पादों से फसल को नुकसान पहुंचाना केवल आर्थिक अपराध नहीं, बल्कि किसानों के साथ विश्वासघात भी है। ऐसे मामलों में कानून के तहत कार्रवाई सुनिश्चित होगी।
खेतों में उतरकर किसानों से संवाद
प्रवास के दौरान केंद्रीय मंत्री ने दुर्ग जिले के ग्राम गिरहोला और खपरी का दौरा किया। उन्होंने खेतों की मेड़ पर उतरकर किसानों से सीधा संवाद किया और नर्सरी, कृषि फार्म, सिंचाई व्यवस्था, बीज उत्पादन, फसल चक्र और आधुनिक कृषि तकनीकों का निरीक्षण किया। ग्राम गिरहोला में आम के पौधों का रोपण कर मंत्री ने पर्यावरण संरक्षण और हरित विकास का संदेश दिया। उन्होंने किसानों से कहा कि वृक्षारोपण केवल पर्यावरण की रक्षा का साधन नहीं, बल्कि दीर्घकालीन आय का स्रोत भी बन सकता है।
खपरी में कृषि फार्म और किसान चौपाल
खपरी स्थित अनिल कृषि फार्म में मंत्री ने किसानों से संवाद करते हुए उन्हें प्रगतिशील कदमों के लिए बधाई दी। उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ के किसान पारंपरिक खेती के साथ आधुनिक तकनीकों को तेजी से अपना रहे हैं, जो पूरे देश के लिए प्रेरक है। किसानों ने भी कहा कि धान की पारंपरिक खेती की तुलना में बागवानी और सब्जी उत्पादन अधिक लाभकारी साबित हो रही है। केंद्रीय मंत्री ने फसल विविधीकरण को समय की आवश्यकता बताते हुए अन्य किसानों को भी इस दिशा में बढ़ने के लिए प्रेरित किया।
केंद्र सरकार की प्रमुख कृषि योजनाओं पर जोर
मंत्री ने किसानों को केंद्र सरकार की योजनाओं की जानकारी दी, जिनमें शामिल हैं:
प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना – छोटे और सीमांत किसानों को प्रत्यक्ष लाभ।
प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना – प्राकृतिक आपदाओं से फसल सुरक्षा।
राष्ट्रीय कृषि विकास योजना – उत्पादन वृद्धि और नवाचार को बढ़ावा।
डिजिटल कृषि मिशन और ड्रोन तकनीक – फसल निगरानी और लागत में कमी।
उन्होंने प्राकृतिक खेती, सूक्ष्म सिंचाई और जल संरक्षण आधारित कृषि को भविष्य की दिशा बताते हुए किसानों से अधिक से अधिक जुड़ने की अपील की।

0 comments:
Post a Comment