सफाई अभियान रहेगा प्राथमिकता
नगर विकास विभाग ने सभी संबंधित नगर निकायों को निर्देश दिए हैं कि कांवड़ यात्रा मार्गों पर विशेष सफाई अभियान चलाया जाए। शिवालयों, कांवड़ शिविरों और प्रमुख मार्गों पर अतिरिक्त सफाई कर्मियों की तैनाती की जाएगी, ताकि पूरे यात्रा काल में नियमित सफाई बनी रहे। जिला कमांड एंड कंट्रोल सेंटर के माध्यम से सफाई कार्यों की लगातार निगरानी की जाएगी। इसके अलावा जिला और राज्य स्तर पर भी व्यवस्थाओं की समीक्षा की जाएगी।
पेयजल और शौचालय की व्यवस्था
श्रद्धालुओं की सुविधा को ध्यान में रखते हुए यात्रा मार्गों और शिविर स्थलों पर पर्याप्त मात्रा में स्वच्छ पेयजल उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए हैं। इसके साथ ही पुरुषों और महिलाओं के लिए अलग-अलग मोबाइल एवं अस्थायी शौचालय स्थापित किए जाएंगे। इन शौचालयों की नियमित सफाई और सैनिटाइजेशन सुनिश्चित करने के लिए संबंधित अधिकारियों को जिम्मेदारी सौंपी गई है।
स्वच्छता के लिए विशेष अभियान
स्वास्थ्य सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए नगर निकायों को नालों और नालियों की सफाई तेज करने के निर्देश दिए गए हैं। यात्रा मार्गों पर ब्लीचिंग पाउडर, चूना और कीट नियंत्रण के लिए आवश्यक रसायनों का नियमित छिड़काव किया जाएगा। इसके अलावा सड़क किनारे उगी झाड़ियों और अनावश्यक पौधों की कटाई भी समयबद्ध तरीके से कराई जाएगी, ताकि श्रद्धालुओं को आवागमन में किसी प्रकार की परेशानी न हो।
सिंगल-यूज प्लास्टिक पर रहेगी सख्ती
इस बार सरकार ने कांवड़ यात्रा और आगामी त्योहारों को 'जीरो प्लास्टिक' और 'जीरो वेस्ट' अभियान के रूप में आयोजित करने का लक्ष्य रखा है। कांवड़ शिविरों में सिंगल-यूज प्लास्टिक और थर्मोकोल से बने उत्पादों के उपयोग पर सख्ती बरती जाएगी। प्रतिबंधित प्लास्टिक कैरी बैग और डिस्पोजेबल सामान के खिलाफ विशेष अभियान भी चलाया जाएगा।
रियल टाइम मॉनिटरिंग से होगी निगरानी
पूरी यात्रा के दौरान व्यवस्थाओं की निगरानी आधुनिक तकनीक के माध्यम से की जाएगी। जिला कमांड एंड कंट्रोल सेंटर से सफाई, पेयजल, शौचालय और अन्य आवश्यक सेवाओं पर लगातार नजर रखी जाएगी। यदि कहीं कोई कमी सामने आती है तो संबंधित विभाग तुरंत कार्रवाई करेगा।
सड़क और बिजली सुरक्षा पर विशेष ध्यान
यात्रा के दौरान दुर्घटनाओं की संभावना कम करने के लिए कांवड़ मार्गों को गड्ढामुक्त बनाने के निर्देश दिए गए हैं। वहीं बिजली के ढीले और लटकते तारों को सुरक्षित करने का काम भी प्राथमिकता के आधार पर किया जाएगा। इसके साथ ही आवारा और बेसहारा पशुओं को यात्रा मार्गों से हटाकर गोशालाओं में भेजने की व्यवस्था की जाएगी, ताकि श्रद्धालुओं की आवाजाही सुरक्षित बनी रहे।
सड़क और बिजली सुरक्षा पर विशेष ध्यान
यात्रा के दौरान दुर्घटनाओं की संभावना कम करने के लिए कांवड़ मार्गों को गड्ढामुक्त बनाने के निर्देश दिए गए हैं। वहीं बिजली के ढीले और लटकते तारों को सुरक्षित करने का काम भी प्राथमिकता के आधार पर किया जाएगा। इसके साथ ही आवारा और बेसहारा पशुओं को यात्रा मार्गों से हटाकर गोशालाओं में भेजने की व्यवस्था की जाएगी, ताकि श्रद्धालुओं की आवाजाही सुरक्षित बनी रहे।

0 comments:
Post a Comment