LPG ग्राहकों के लिए बड़ा अपडेट! 1 अक्टूबर से लागू होगा नया नियम

नई दिल्ली। देश के करोड़ों LPG उपभोक्ताओं के लिए 1 अक्टूबर 2026 से अहम बदलाव होने जा रहा है। सब्सिडी वाले घरेलू गैस सिलेंडर का लाभ लेने के लिए अब बायोमेट्रिक आधार ऑथेंटिकेशन (BAA) जरूरी होगा। जिन ग्राहकों का सत्यापन तय समय तक पूरा नहीं होगा, उनकी गैस सप्लाई बंद नहीं होगी, लेकिन सब्सिडी का भुगतान रोक दिया जाएगा।

₹210 की सब्सिडी पर पड़ेगा असर

बायोमेट्रिक सत्यापन नहीं कराने वाले पात्र उपभोक्ताओं को मिलने वाली ₹210 प्रति सिलेंडर की सब्सिडी नहीं मिलेगी। ऐसे ग्राहकों को सिलेंडर की पूरी बाजार कीमत चुकानी होगी। यानी कनेक्शन और डिलीवरी जारी रहेगी, लेकिन सरकारी सब्सिडी खाते में नहीं आएगी।

इस व्यवस्था का एक उद्देश्य फर्जी या एक से अधिक कनेक्शन की पहचान करना भी है। साथ ही सब्सिडी वाले घरेलू सिलेंडरों के व्यावसायिक इस्तेमाल पर रोक लगाने में मदद मिलेगी।

27.43 करोड़ उपभोक्ताओं ने कराया सत्यापन

19 सितंबर 2026 तक करीब 27.43 करोड़ सक्रिय LPG उपभोक्ता अपना बायोमेट्रिक प्रमाणीकरण पूरा कर चुके थे। जिन लोगों ने पहले ही BAA करा लिया है, उन्हें दोबारा यह प्रक्रिया करने की जरूरत नहीं होगी।

सत्यापन के लिए ग्राहक के पास कई विकल्प हैं। सिलेंडर की डिलीवरी के समय डिलीवरी कर्मचारी की मशीन से अंगूठा या उंगली स्कैन कराया जा सकता है। इसके अलावा गैस एजेंसी पर जाकर भी प्रक्रिया पूरी की जा सकती है। इंडियनऑयल वन, HelloBPCL और HP PAY जैसे आधिकारिक ऐप से भी आधार ऑथेंटिकेशन की सुविधा दी गई है।

रिफिल बुकिंग में भी जरूरी नियम

गैस सिलेंडर की बुकिंग के लिए रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर का इस्तेमाल करना जरूरी होगा। बुकिंग के बाद ग्राहक को मोबाइल पर 4 या 6 अंकों का डिलीवरी ऑथेंटिकेशन कोड (DAC) मिलेगा। सिलेंडर लेते समय यह कोड डिलीवरी कर्मचारी को बताना होगा।

यानी 1 अक्टूबर से LPG ग्राहकों के लिए सबसे जरूरी काम यह है कि वे अपना BAA, आधार-बैंक लिंकिंग और मोबाइल नंबर से जुड़ी जानकारी पहले से जांच लें, ताकि सब्सिडी का भुगतान रुकने की स्थिति न बने।

0 comments:

Post a Comment