बेटी की शादी के लिए मिलेंगे एक लाख रुपये
नई व्यवस्था के तहत पात्र परिवार की बेटी के विवाह पर अब 1 लाख रुपये तक की सहायता दी जाएगी। इसमें 60 हजार रुपये सीधे कन्या के बैंक खाते में DBT के जरिए भेजे जाएंगे, जबकि बाकी राशि विवाह उपहार और आयोजन से संबंधित खर्च के लिए निर्धारित होगी।
इस सहायता के लिए वर की उम्र कम से कम 21 और कन्या की उम्र 18 वर्ष होना जरूरी है। साथ ही परिवार को तय समुदाय या मत्स्य पालन से जुड़ी पात्रता पूरी करनी होगी। मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह जैसी किसी दूसरी समान योजना का लाभ लेने वाले परिवारों को इस सहायता का लाभ नहीं मिलेगा।
कक्षा 9-10 के बच्चों को भी मिलेगी मदद
मछुआरा परिवारों के कक्षा 9 और 10 में पढ़ने वाले बच्चों को भी पूर्वदशम छात्रवृत्ति का लाभ मिलेगा। पात्र विद्यार्थियों को अधिकतम 10 महीने तक 150 रुपये प्रतिमाह और 750 रुपये का वार्षिक तदर्थ अनुदान दिया जाएगा।
इसके लिए अभिभावक की सालाना आय 2 लाख रुपये से अधिक नहीं होनी चाहिए। विद्यार्थी को यूपी में मान्यता प्राप्त या सरकारी संस्थान में नियमित रूप से पढ़ाई करना जरूरी है। दूसरी सरकारी छात्रवृत्ति लेने वाले छात्र इस योजना के लिए पात्र नहीं होंगे।
सरकार के इस फैसले से आर्थिक रूप से कमजोर मछुआरा परिवारों को बेटियों की शादी और बच्चों की शिक्षा में सीधी आर्थिक मदद मिलने की उम्मीद है।

0 comments:
Post a Comment