केंद्र सरकार का फैसला, केंद्रीय कर्मचारियों के लिए 2 बड़ी खुशखबरी!

नई दिल्ली: केंद्र सरकार ने केंद्रीय कर्मचारियों के लिए CGHS से जुड़े नियमों में अहम बदलाव किया है। स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय की ओर से जारी नए आदेश के बाद अब CGHS की सुविधा लेने के लिए कर्मचारियों पर लागू भौगोलिक सीमा की शर्त हटा दी गई है। यह बदलाव 17 सितंबर 2026 से प्रभावी माना गया है।

अब दूरी की बाध्यता खत्म

पहले CGHS का लाभ लेने के लिए कर्मचारी का निवास या तैनाती CGHS वेलनेस सेंटर की निर्धारित दूरी के दायरे में होना जरूरी था। नए नियम के तहत यह भौगोलिक शर्त समाप्त कर दी गई है। यानी पात्र केंद्रीय सरकारी कर्मचारी, जो CGHS कवर वाले क्षेत्र से बाहर रहते या काम करते हैं, वे भी निर्धारित पात्रता और योगदान पूरा करके CGHS का विकल्प चुन सकते हैं।

एक बार चुना तो बदल नहीं सकेंगे विकल्प

नए नियम में कर्मचारियों को CGHS का लाभ लेने के लिए वन-टाइम ऑप्शन दिया गया है। कर्मचारी को निर्धारित प्रक्रिया के तहत विकल्प चुनना होगा। एक बार CGHS चुनने के बाद इस विकल्प को बाद में बदलने की अनुमति नहीं होगी। इसके साथ कर्मचारी को यह घोषणा भी देनी होगी कि वह खुद या अपने परिवार के लिए CGHS और Central Services (Medical Attendance) Rules, 1944 (CS(MA)) दोनों के तहत एक साथ चिकित्सा लाभ का दावा नहीं करेगा।

CGHS क्षेत्र में रहने वालों के लिए अलग नियम

जो कर्मचारी पहले से CGHS की सुविधा वाले क्षेत्र में रहते या तैनात हैं, उनके लिए CGHS के तहत रहना अनिवार्य रहेगा। ऐसे कर्मचारी CS(MA) नियमों के तहत विकल्प चुनकर CGHS से बाहर नहीं जा सकेंगे।

गलत जानकारी देने पर हो सकती है कार्रवाई

सरकार ने कर्मचारियों को जानकारी सही तरीके से देने की हिदायत भी दी है। आवेदन में गलत या भ्रामक जानकारी पाए जाने पर संबंधित कर्मचारी के खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई की जा सकती है। गलत तरीके से लिया गया लाभ होने पर उसकी वसूली भी की जा सकती है।

0 comments:

Post a Comment