यूपी में मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना को लेकर बड़ा अपडेट

लखनऊ। उत्तर प्रदेश में आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों की बेटियों के विवाह में मदद देने वाली मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना को लेकर अहम जानकारी सामने आई है। समाज कल्याण विभाग की जांच में बड़ी संख्या में ऐसे आवेदन मिले, जिनमें आवेदक योजना की पात्रता पूरी नहीं करते थे। जांच के बाद चालू वित्तीय वर्ष में 7,245 आवेदन निरस्त किए जा चुके हैं।

वहीं, विभाग की ओर से अब तक 20,042 आवेदनों को मंजूरी दी गई है। सरकार का प्रयास है कि योजना का लाभ केवल वास्तविक और पात्र परिवारों तक पहुंचे और अनुदान वितरण में किसी तरह की गड़बड़ी न हो।

हर जोड़े के लिए एक लाख रुपये की मदद

मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना के तहत सरकार की ओर से प्रत्येक पात्र जोड़े के विवाह पर कुल एक लाख रुपये की सहायता का प्रावधान है। इसमें 64 हजार रुपये गृहस्थी शुरू करने के लिए दिए जाते हैं। इसके अलावा 21 हजार रुपये के उपहार और 15 हजार रुपये विवाह आयोजन से संबंधित व्यवस्थाओं पर खर्च किए जाते हैं।

पीलीभीत सबसे आगे

सामूहिक विवाह कराने के मामले में पीलीभीत इस समय प्रदेश में सबसे आगे है। जिले में अब तक 1,271 जोड़ों का विवाह कराया जा चुका है। शाहजहांपुर 1,063 विवाह के साथ दूसरे स्थान पर है। इसके बाद सुल्तानपुर में 1,040 और रामपुर में 1,031 जोड़ों का विवाह संपन्न हुआ है।

आवेदन की जांच जरूरी

योजना में अपात्र लोगों की एंट्री रोकने के लिए सत्यापन प्रक्रिया को डिजिटल बनाया जा रहा है। आवेदकों की ई-केवाईसी के जरिए पहचान और पात्रता की जांच की जा रही है। वहीं, ई-डिस्ट्रिक्ट पोर्टल के माध्यम से आय और जाति प्रमाण पत्रों का डिजिटल सत्यापन किया जा रहा है।

जल्द आधार से जुड़े खाते में आएगा अनुदान

योजना में एक और महत्वपूर्ण बदलाव की तैयारी है। विभाग जल्द ही आधार आधारित भुगतान व्यवस्था लागू करने जा रहा है। इसके बाद पात्र लाभार्थी के आधार से जुड़े बैंक खाते में अनुदान राशि सीधे भेजी जा सकेगी। इससे भुगतान प्रक्रिया में पारदर्शिता बढ़ने और गलत खातों में पैसा जाने की संभावना कम होने की उम्मीद है।

समाज कल्याण राज्यमंत्री स्वतंत्र प्रभार असीम अरुण के अनुसार सरकार का उद्देश्य है कि आर्थिक तंगी किसी बेटी के सम्मानजनक विवाह में रुकावट न बने। इसी वजह से योजना में तकनीकी सत्यापन को मजबूत किया जा रहा है, ताकि सरकारी सहायता सही लाभार्थियों तक पहुंच सके।

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